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केरल में बारिश का कहर, भूस्खलन से 4 की मौत; कई जिले बाढ़ की चपेट में

Kavita2
1 Aug 2026 2:53 PM IST
केरल में बारिश का कहर, भूस्खलन से 4 की मौत; कई जिले बाढ़ की चपेट में
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तिरुवनंतपुरम/केरल: मध्य केरल में शनिवार को हुई भारी बारिश ने कई जिलों में जनजीवन प्रभावित कर दिया। लगातार बारिश के कारण इडुक्की, कोट्टायम, पथानामथिट्टा समेत कई क्षेत्रों में भूस्खलन, मडस्लाइड और बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई। केरल राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (KSDMA) के मेंबर सेक्रेटरी शेखर लुकोस कुरियाकोस ने बताया कि राज्य के मध्य हिस्सों में बारिश का असर सबसे ज्यादा देखने को मिला है।

उन्होंने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि भारी बारिश के कारण कई स्थानों पर प्राकृतिक आपदाओं की स्थिति बनी है। इडुक्की और कोट्टायम जिलों में अलग-अलग भूस्खलन की घटनाओं में चार लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। वहीं, पथानामथिट्टा जिले के कुछ हिस्सों में तेज बाढ़ की स्थिति सामने आई है, जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

KSDMA के अनुसार, सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्र पथानामथिट्टा से शुरू होकर कोट्टायम और इडुक्की जिलों से होते हुए एर्नाकुलम सीमा तक फैला हुआ है। इस पूरे क्षेत्र में लगातार बारिश के कारण नदियों का जलस्तर बढ़ गया है और कई निचले इलाकों में पानी भर गया है।

भूस्खलन से प्रभावित हुए पहाड़ी इलाके

इडुक्की और कोट्टायम जैसे पहाड़ी जिलों में भारी बारिश के कारण जमीन खिसकने की घटनाएं सामने आई हैं। पहाड़ी क्षेत्रों में मलबा गिरने से कई जगहों पर सड़क संपर्क प्रभावित हुआ है। स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन टीमें प्रभावित इलाकों में राहत और बचाव कार्यों में जुटी हुई हैं।

अधिकारियों ने बताया कि भूस्खलन वाले क्षेत्रों में स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। संवेदनशील इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। प्रशासन ने जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी भी की है।

पथानामथिट्टा में बाढ़ का असर

पथानामथिट्टा जिले के कई हिस्सों में भारी बारिश के बाद जलभराव और बाढ़ जैसी स्थिति बनी हुई है। कई क्षेत्रों में सड़कों पर पानी भरने से यातायात प्रभावित हुआ है। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।

प्रशासन ने स्थानीय अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे प्रभावित क्षेत्रों में स्थिति की निगरानी करें और जरूरतमंद लोगों तक सहायता पहुंचाएं। राहत शिविरों की व्यवस्था और आपात सेवाओं को तैयार रखने के निर्देश भी दिए गए हैं।

आपदा प्रबंधन एजेंसियां सक्रिय

केरल राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण ने बताया कि राज्य में मौसम की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। स्थानीय प्रशासन, पुलिस, अग्निशमन विभाग और अन्य राहत एजेंसियों को अलर्ट पर रखा गया है।

अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे भूस्खलन संभावित क्षेत्रों और जलभराव वाले इलाकों में जाने से बचें। खासतौर पर पहाड़ी क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।

KSDMA के मेंबर सेक्रेटरी शेखर लुकोस कुरियाकोस ने कहा कि आपदा की स्थिति से निपटने के लिए सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है और स्थिति के अनुसार अतिरिक्त सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

बारिश से सामान्य जनजीवन प्रभावित

मध्य केरल में भारी बारिश के कारण कई इलाकों में सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ है। सड़कें जलमग्न होने, यातायात बाधित होने और बिजली आपूर्ति पर असर जैसी समस्याएं सामने आई हैं। स्थानीय लोगों को दैनिक गतिविधियों में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

मौसम की चुनौती को देखते हुए प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले समय में बारिश की स्थिति को देखते हुए राहत और बचाव योजनाओं को आगे बढ़ाया जाएगा।

केरल पहले भी मानसून के दौरान भूस्खलन और बाढ़ जैसी प्राकृतिक आपदाओं का सामना करता रहा है। राज्य के पहाड़ी और नदी किनारे वाले इलाके विशेष रूप से संवेदनशील माने जाते हैं। ऐसे में प्रशासन लगातार निगरानी और चेतावनी व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने पर जोर दे रहा है।

फिलहाल राहत एजेंसियां प्रभावित इलाकों में पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित करने में लगी हैं। प्रशासन का कहना है कि लोगों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी जरूरी इंतजाम किए गए हैं।

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