
केरल: नेशनल हाईवे और पब्लिक वर्क्स डिपार्टमेंट (PWD) की सड़कों पर लगाए गए दिशा संकेतक (डायरेक्शन साइन बोर्ड) यात्रियों के लिए सुविधा के बजाय परेशानी का कारण बन रहे हैं। कई स्थानों पर दिशा बताने वाले बोर्ड गलत जानकारी दे रहे हैं, जिससे बाहरी यात्रियों और रास्ते से अनजान लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
ऐसा ही एक मामला नेशनल हाईवे पर केरल एग्रो मशीनरी कॉर्पोरेशन (CAMCO) के पास सामने आया है। यहां मेक्कड़ की ओर जाने वाले यू-टर्न के पास थुरुथिस्सेरी स्कूल की दीवार के समीप सड़क किनारे लगाए गए दिशा संकेत बोर्ड में गलती पाई गई है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, इस बोर्ड पर परावूर जाने की दिशा गलत दिखाई गई है। साइन बोर्ड में परावूर की दिशा बाईं ओर यानी उत्तर दिशा में दिखाई गई है, जबकि वास्तविक रास्ता इसके विपरीत है। इस गलत जानकारी के कारण वाहन चालक भ्रमित हो रहे हैं और उन्हें अनावश्यक रूप से दूसरे रास्तों से जाना पड़ रहा है।
बताया गया कि जिस सड़क को बोर्ड पर परावूर की दिशा के रूप में दिखाया गया है, वह वास्तव में करक्कट्टुकुन्नू, अनप्पारा, मेक्कड़ और डेपोल होते हुए अंगमाली की ओर जाती है। इसके अलावा अनप्पारा से आगे मदुरापुरम ब्रिज के रास्ते एलावूर की ओर भी पहुंचा जा सकता है। यह मार्ग परावूर जाने वाला सही रास्ता नहीं है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सही दिशा के अनुसार परावूर जाने के लिए नेशनल हाईवे पार करने के बाद दाईं ओर मुड़ना चाहिए। इसके बाद अथानी चौराहे से फिर दाईं ओर मुड़कर चेंगमनाडु रोड के रास्ते परावूर पहुंचा जा सकता है।
गलत दिशा संकेत के कारण खासकर दूसरे जिलों से आने वाले वाहन चालकों को परेशानी हो रही है। जो लोग इलाके से परिचित नहीं हैं, वे साइन बोर्ड पर भरोसा करके गलत रास्ते पर चले जाते हैं। इससे समय की बर्बादी के साथ-साथ ईंधन की अतिरिक्त खपत भी होती है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि दिशा संकेतक यात्रियों की सुविधा और सड़क सुरक्षा के लिए लगाए जाते हैं। ऐसे में यदि उनमें ही गलत जानकारी दर्ज हो तो इसका उद्देश्य पूरा नहीं होता। उन्होंने संबंधित विभागों से जल्द से जल्द बोर्ड में सुधार करने की मांग की है।
लोगों का कहना है कि नेशनल हाईवे जैसे महत्वपूर्ण मार्गों पर लगे साइन बोर्ड की नियमित जांच होनी चाहिए। कई बार सड़क निर्माण, मार्ग परिवर्तन या स्थानीय परिस्थितियों में बदलाव के बाद पुराने बोर्डों को अपडेट नहीं किया जाता, जिससे यात्रियों को परेशानी होती है।
यातायात विशेषज्ञों के अनुसार, सही दिशा संकेत सड़क दुर्घटनाओं को कम करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। गलत दिशा बताने वाले बोर्ड से वाहन चालक अचानक रास्ता बदलने की कोशिश कर सकते हैं, जिससे दुर्घटना का खतरा बढ़ सकता है।
स्थानीय लोगों ने मांग की है कि केवल इस एक स्थान पर ही नहीं, बल्कि पूरे क्षेत्र में लगे दिशा संकेतों की समीक्षा की जाए। जहां भी गलत जानकारी या पुराने संकेत मौजूद हैं, उन्हें तुरंत बदला जाना चाहिए।
अधिकारियों से उम्मीद की जा रही है कि शिकायतों को ध्यान में रखते हुए जल्द कार्रवाई की जाएगी और गलत दिशा दिखाने वाले साइन बोर्ड को सही किया जाएगा। इससे यात्रियों को राहत मिलेगी और क्षेत्र में यातायात व्यवस्था भी बेहतर होगी।
फिलहाल यह मामला स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बना हुआ है। यात्रियों और स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क सुविधाओं के साथ-साथ सही जानकारी देने वाले संकेतक भी उतने ही जरूरी हैं। एक छोटा सा सुधार कई लोगों की परेशानी को दूर कर सकता है।





