केरल

NEET-UG की दोबारा परीक्षा 23 केंद्रों पर संपन्न, 7,703 उम्मीदवारों ने लिया हिस्सा

Kavita2
22 Jun 2026 3:35 PM IST
NEET-UG की दोबारा परीक्षा 23 केंद्रों पर संपन्न, 7,703 उम्मीदवारों ने लिया हिस्सा
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Kerala केरल: NEET-UG की दोबारा परीक्षा जिले में रविवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सफलतापूर्वक आयोजित की गई। प्रश्न-पत्र लीक होने के कारण पिछली परीक्षा रद्द किए जाने के बाद इस बार परीक्षा को बेहद सख्त निगरानी और नए दिशा-निर्देशों के तहत कराया गया। कुल 7,703 उम्मीदवारों ने इस पुनर्परीक्षा में हिस्सा लिया, जो जिले के 23 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की गई।

NEET UG की इस पुनर्परीक्षा में सुरक्षा और पारदर्शिता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी गई। पिछली परीक्षा में सामने आई अनियमितताओं और आरोपों को ध्यान में रखते हुए इस बार प्रवेश प्रक्रिया को बेहद कठोर रखा गया। परीक्षा केंद्रों पर छात्रों की विस्तृत जांच के बाद ही उन्हें अंदर जाने की अनुमति दी गई।

राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) के निर्देशों के अनुसार इस बार छात्रों को साधारण कपड़ों में परीक्षा देने के लिए कहा गया था, ताकि किसी भी प्रकार की अनुचित गतिविधि को रोका जा सके। परीक्षा केंद्रों में क्लॉक-रूम (सामान रखने की सुविधा) भी इस बार उपलब्ध नहीं कराई गई, जिससे छात्रों को अपना आवश्यक सामान सीमित रखना पड़ा।

कई छात्रों को तकनीकी समस्याओं का भी सामना करना पड़ा, विशेषकर हॉल टिकट डाउनलोड न होने की समस्या ने उन्हें परेशान किया। इसके चलते कुछ उम्मीदवारों को समय पर प्रवेश प्रक्रिया पूरी करने में कठिनाई हुई।

परीक्षा कक्षों में व्यवस्था के तहत प्रत्येक कक्षा में केवल 24 छात्रों को बैठने की अनुमति दी गई, जिससे भीड़ नियंत्रण और निगरानी को आसान बनाया जा सके। परीक्षा के दौरान किसी भी तरह की गड़बड़ी रोकने के लिए सुरक्षा एजेंसियों को पूरी तरह सतर्क रखा गया।

प्रश्न-पत्रों को सुरक्षित तरीके से परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाने के लिए विशेष व्यवस्था की गई थी। प्रश्न-पत्र कलेक्टर द्वारा उपलब्ध कराई गई गाड़ियों के माध्यम से कड़ी सुरक्षा में केंद्रों तक लाए गए, ताकि किसी भी तरह की छेड़छाड़ की संभावना न रहे।

Central Armed Police Forces के जवानों को परीक्षा केंद्रों पर तैनात किया गया था, जिन्होंने पूरे समय निगरानी बनाए रखी। इसके अलावा परीक्षा से पहले और दौरान लगातार जांच अभियान चलाया गया ताकि प्रक्रिया निष्पक्ष और शांतिपूर्ण बनी रहे।

हालांकि परीक्षा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो गई, लेकिन कई अभिभावकों ने इसके आयोजन और आगे की प्रक्रिया को लेकर चिंता जताई है। उनका कहना है कि बार-बार परीक्षा रद्द होने और दोबारा आयोजन से छात्रों पर मानसिक दबाव बढ़ता है और भविष्य को लेकर अनिश्चितता बनी रहती है।

शिक्षा विभाग और परीक्षा एजेंसी का कहना है कि इस बार पूरी प्रक्रिया को अधिक सुरक्षित और पारदर्शी बनाने की कोशिश की गई है, ताकि भविष्य में ऐसी किसी भी गड़बड़ी की पुनरावृत्ति न हो।

फिलहाल परीक्षा संपन्न होने के बाद अब परिणाम प्रक्रिया पर नजरें टिकी हैं, जबकि प्रशासन आगे की समीक्षा और सुधारात्मक कदमों पर विचार कर रहा है।

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