
Kerala केरल: गांववालों का लंबे समय से चला आ रहा इंतज़ार अब खत्म होने की ओर है, क्योंकि फेरी टर्मिनल पर नए पुल के निर्माण के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। यह पुल 59.20 करोड़ रुपये की लागत से बनाया जाएगा और मौजूदा 137 साल पुराने पुल की जगह स्थापित किया जाएगा। यह परियोजना शहर को तटीय क्षेत्र और एयरपोर्ट से जोड़ने वाले मुख्य मार्ग के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
पब्लिक वर्क्स एंड ब्रिजेज डिपार्टमेंट (X.C.) ने मानवाधिकार कार्यकर्ता रागम रहीम द्वारा मुख्यमंत्री को की गई शिकायत के जवाब में विस्तृत जानकारी दी है। विभाग के इंजीनियरों ने पत्र के माध्यम से परियोजना की वर्तमान स्थिति और आगे की प्रक्रिया की जानकारी साझा की है।
पत्र के अनुसार, पुल निर्माण की प्रशासनिक मंजूरी 8 जनवरी को पहले ही मिल चुकी थी। इसके बाद भूमि अधिग्रहण का कार्य भी पूरा कर लिया गया है। विभाग अब विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) से तकनीकी स्वीकृति प्राप्त करने की प्रक्रिया में जुटा हुआ है।
अधिकारियों ने बताया कि जैसे ही तकनीकी स्वीकृति मिल जाएगी, टेंडर जारी कर दिया जाएगा और इसके बाद निर्माण कार्य औपचारिक रूप से शुरू होगा। इस प्रक्रिया को तेजी से पूरा करने की दिशा में कदम उठाए जा रहे हैं ताकि लंबे समय से लंबित इस परियोजना को आगे बढ़ाया जा सके।
यह नया पुल फेरी टर्मिनल पर स्थित 137 वर्ष पुराने पुल की जगह बनाया जाएगा, जो समय के साथ कमजोर और जर्जर हो चुका है। इस पुल के निर्माण का निर्णय पूर्व मुख्यमंत्री वी.एस. अच्युतानंदन के कार्यकाल में लिया गया था, लेकिन विभिन्न कारणों से यह परियोजना वर्षों तक अटकी रही।
फेरी टर्मिनल पुल शहर को तटीय क्षेत्र और एयरपोर्ट से जोड़ने वाला एक महत्वपूर्ण मार्ग है, जिससे रोजाना बड़ी संख्या में यातायात गुजरता है। पुराने पुल की स्थिति को देखते हुए लंबे समय से नए पुल की मांग की जा रही थी।
वर्ष 2018 में मानवाधिकार कार्यकर्ता रागम रहीम ने इस मुद्दे को लेकर हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था, जहां उन्हें राहत मिली थी। कोर्ट के आदेश के बाद सरकार ने परियोजना को आगे बढ़ाने पर सहमति जताई थी, लेकिन भूमि अधिग्रहण को लेकर स्थानीय विरोध के कारण निर्माण कार्य फिर से रुक गया था।
अब विभागीय स्तर पर टेंडर प्रक्रिया शुरू होने के साथ ही इस परियोजना के आगे बढ़ने की उम्मीद एक बार फिर मजबूत हो गई है। हालांकि अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया है कि अंतिम निर्माण कार्य तभी शुरू होगा जब सभी तकनीकी और प्रशासनिक स्वीकृतियां पूरी तरह से मिल जाएंगी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि पुराने पुल की वजह से यातायात दबाव और सुरक्षा से जुड़ी समस्याएं लगातार बढ़ रही थीं। नए पुल के बनने से न केवल यातायात सुगम होगा, बल्कि क्षेत्रीय विकास को भी गति मिलेगी।
विशेषज्ञों के अनुसार, यह पुल शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर सुधार में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा और आने वाले समय में क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत करेगा।
कुल मिलाकर, फेरी टर्मिनल पर नए पुल की टेंडर प्रक्रिया शुरू होना एक बड़ी प्रशासनिक प्रगति है, जिससे लंबे समय से लंबित इस परियोजना के जल्द शुरू होने की उम्मीद बढ़ गई है।





