
Kerala केरल: थिरुवल्ला तालुक अस्पताल परिसर में वर्षों से बेकार पड़ा एक पुराना पानी टैंक अब सुरक्षा को लेकर चिंता का कारण बन गया है। स्थानीय लोगों ने अस्पताल प्रशासन से इस जर्जर संरचना को तुरंत हटाने की मांग की है।
यह पिलर वाला पानी टैंक अस्पताल के कैफेटेरिया के पास स्थित है। स्थानीय निवासियों और मरीजों के परिजनों का कहना है कि टैंक की हालत बेहद खतरनाक हो चुकी है और किसी भी समय बड़ा हादसा हो सकता है।
लोगों के अनुसार, समय के साथ टैंक के पिलरों में गहरी दरारें आ गई हैं और कई जगहों से लोहे के सरिए बाहर निकल आए हैं। इससे यह स्पष्ट होता है कि संरचना की मजबूती काफी हद तक खत्म हो चुकी है।
इसके अलावा टैंक के कई हिस्सों से लगातार कंक्रीट झड़ रहा है, जिससे आसपास का क्षेत्र भी असुरक्षित हो गया है। अस्पताल परिसर में रोजाना बड़ी संख्या में मरीज, परिजन और स्टाफ मौजूद रहते हैं, ऐसे में इस जर्जर टैंक की स्थिति को लेकर चिंता और बढ़ गई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह पानी टैंक कई साल पहले बनाया गया था, लेकिन लंबे समय से उपयोग में नहीं है। पिलर और दीवारों की खराब स्थिति के कारण इसे पहले ही बंद कर दिया गया था, लेकिन अब तक इसे हटाया नहीं गया है।
लोगों का यह भी कहना है कि अस्पताल प्रशासन को कई बार इसकी जानकारी दी जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। इस वजह से परिसर में आने-जाने वाले लोगों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसी पुरानी और कमजोर संरचनाएं भारी जोखिम पैदा कर सकती हैं, खासकर उन जगहों पर जहां भीड़ अधिक रहती है। इसलिए समय रहते इन्हें हटाना या सुरक्षित रूप से ध्वस्त करना जरूरी होता है।
फिलहाल स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग की है ताकि किसी भी संभावित दुर्घटना को रोका जा सके और अस्पताल परिसर को सुरक्षित बनाया जा सके।





