
Kerala केरल: कन्नूर जिले में बरनासरी मुहिउद्दीन जुमा मस्जिद पर पत्थर फेंके जाने की घटना सामने आई है, जिससे इलाके में तनाव और चिंता का माहौल बन गया है। यह घटना मंगलवार सुबह करीब 8:30 बजे की बताई जा रही है, जब मस्जिद परिसर के अंदर स्थित मदरसे में बच्चे मौजूद थे।
पत्थरबाजी की इस घटना में दो खिड़कियों के शीशे टूट गए। बताया जा रहा है कि पहली मंज़िल पर स्थित मदरसे की खिड़की और दूसरी मंज़िल पर नमाज़ अदा करने वाले कमरे की खिड़की पर पत्थर लगे, जिससे शीशे टूटकर बिखर गए। इसके अलावा परिसर में लगे सनशेड को भी नुकसान पहुंचा है।
घटना के दौरान मदरसे में मौजूद बच्चे बाल-बाल बच गए और किसी के घायल होने की सूचना नहीं है। हालांकि अचानक हुए इस हमले से बच्चे और स्टाफ में दहशत का माहौल बन गया। परिसर में टूटे शीशे, कांच के टुकड़े और लकड़ी के अवशेष बिखरे हुए पाए गए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह घटना सुबह के समय हुई, जब आमतौर पर इलाके में आवाजाही शुरू हो चुकी होती है। ऐसे में मस्जिद परिसर को निशाना बनाए जाने से सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं।
घटना की जानकारी मिलते ही कन्नूर सिटी पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। पुलिस ने मस्जिद के सचिव ग़ज़ाली की शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, घटना की गंभीरता को देखते हुए इलाके के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं ताकि आरोपियों की पहचान की जा सके। आसपास के क्षेत्रों में लगे कैमरों की भी जांच की जा रही है, जिससे यह पता लगाया जा सके कि पत्थरबाजी किसने और किस दिशा से की।
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आसपास के इलाकों में दिन के समय भी कुछ संदिग्ध गतिविधियां देखी गई हैं। बताया जा रहा है कि क्षेत्र में ‘लहरी माफिया’ यानी नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार से जुड़े लोगों की गतिविधियां सक्रिय रहती हैं। हालांकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है और किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले तथ्यों की पुष्टि की जाएगी।
स्थानीय समुदाय के लोगों ने इस घटना पर चिंता जताते हुए कहा है कि धार्मिक स्थलों को निशाना बनाना गंभीर मामला है और इससे सामाजिक सौहार्द प्रभावित हो सकता है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि आरोपियों की जल्द पहचान कर सख्त कार्रवाई की जाए।
मस्जिद प्रबंधन ने भी घटना को लेकर नाराजगी जताई है और सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है। उनका कहना है कि जिस समय यह घटना हुई, उस समय बच्चे मदरसे में मौजूद थे, लेकिन सौभाग्य से कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ।
फिलहाल पुलिस ने इलाके में निगरानी बढ़ा दी है और आसपास के लोगों से पूछताछ भी की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि इस पत्थरबाजी के पीछे क्या कारण था और इसमें कौन लोग शामिल थे।
इस घटना के बाद क्षेत्र में तनावपूर्ण माहौल बना हुआ है, लेकिन पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है। प्रशासन का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।





