
Kerala केरल: प्रमुख औद्योगिक क्षेत्रों में से एक कांचीकोड इंडस्ट्रियल एरिया इन दिनों गंभीर समस्याओं का सामना कर रहा है। विकास कार्य के नाम पर यहां की मुख्य सड़क को तोड़े जाने और समय पर काम पूरा न होने से पूरा क्षेत्र प्रभावित हो गया है।
सूचना के अनुसार, औद्योगिक क्षेत्र को जोड़ने वाली मुख्य सड़क को रेनोवेशन और विकास कार्य के लिए खोदा गया था। लेकिन निर्माण कार्य बीच में ही रोक दिए जाने के कारण सड़क की स्थिति और खराब हो गई है। इससे न केवल वाहनों की आवाजाही प्रभावित हो रही है, बल्कि औद्योगिक गतिविधियों पर भी इसका असर पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों और उद्योग से जुड़े प्रतिनिधियों का कहना है कि यह सड़क राज्य के सबसे बड़े औद्योगिक क्षेत्रों में से एक को जोड़ने वाला प्रमुख मार्ग है। ऐसे में इसके खराब होने से रोज़ाना हजारों श्रमिकों और मालवाहक वाहनों को कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय प्रशासन द्वारा शुरू किए गए विकास कार्य की गति धीमी होने से स्थिति और गंभीर हो गई है। सड़क पर जगह-जगह गड्ढे बन गए हैं और निर्माण सामग्री बिखरी होने के कारण यातायात बाधित हो रहा है।
इसी बीच, लगातार बारिश ने समस्या को और बढ़ा दिया है। बारिश के कारण आसपास की नहरों में पानी भर गया है, जिससे कई हिस्सों में जलभराव की स्थिति बन गई है। पानी जमा होने से सड़क पर चलना और भी मुश्किल हो गया है।
औद्योगिक क्षेत्र से जुड़े व्यवसायियों का कहना है कि यह स्थिति उत्पादन और सप्लाई चेन दोनों को प्रभावित कर रही है। कई ट्रक और भारी वाहन समय पर अपने गंतव्य तक नहीं पहुंच पा रहे हैं, जिससे आर्थिक नुकसान की आशंका बढ़ गई है।
लोक निर्माण विभाग पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं कि सड़क निर्माण कार्य को समय पर पूरा क्यों नहीं किया गया और बीच में काम रोकने का कारण क्या रहा। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि जल्द से जल्द सड़क का निर्माण पूरा किया जाए और जल निकासी व्यवस्था को दुरुस्त किया जाए।
कई कर्मचारियों ने बताया कि रोज़ाना यात्रा में दोगुना समय लग रहा है और दुर्घटना का खतरा भी बढ़ गया है। खासकर रात के समय यह क्षेत्र और भी खतरनाक हो जाता है क्योंकि गड्ढों और जलभराव के कारण दृश्यता कम हो जाती है।
विशेषज्ञों का मानना है कि औद्योगिक क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे का सुचारु विकास बेहद जरूरी होता है, क्योंकि यह सीधे उत्पादन और रोजगार पर असर डालता है। यदि समय पर मरम्मत और निर्माण कार्य पूरे नहीं किए जाते, तो इसका असर व्यापक स्तर पर देखा जा सकता है।
स्थानीय नागरिकों और उद्योग संगठनों ने संयुक्त रूप से प्रशासन से अपील की है कि निर्माण कार्य को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए और वैकल्पिक मार्गों की व्यवस्था की जाए ताकि आवागमन सुचारु रह सके।
कुल मिलाकर, कांचीकोड इंडस्ट्रियल एरिया में सड़क निर्माण में देरी और बारिश के कारण उत्पन्न जलभराव ने स्थिति को गंभीर बना दिया है, जिससे औद्योगिक गतिविधियों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है।





