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Kerala केरला: मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में आयोजित 30वें अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव केरल (IFFK) का उद्घाटन किया। यह समारोह राज्य और देश के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय फिल्म जगत में भी एक महत्वपूर्ण आयोजन माना जाता है। मुख्यमंत्री ने अपने उद्घाटन भाषण में कहा कि सिनेमा केवल मनोरंजन का साधन नहीं बल्कि समाज और संस्कृति को प्रतिबिंबित करने का एक शक्तिशाली माध्यम है। उन्होंने कहा कि इस महोत्सव के माध्यम से नए फिल्मकारों और नवोदित कलाकारों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिलता है, जिससे भारतीय सिनेमा और विश्व सिनेमा के बीच एक मजबूत सांस्कृतिक सेतु बनता है।
इस महोत्सव में देश-विदेश की विभिन्न फिल्मों की स्क्रीनिंग की जाएगी। मुख्य रूप से इस वर्ष चयनित फिल्में सामाजिक मुद्दों, पर्यावरण, महिला सशक्तिकरण और मानवीय संवेदनाओं को उजागर करती हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस तरह के आयोजन से सिनेमा के माध्यम से समाज में जागरूकता और संवेदनशीलता फैलाने में मदद मिलती है। IFFK 2025 का 30वां संस्करण विशेष रूप से उल्लेखनीय है क्योंकि इसने पिछले वर्षों की तुलना में अंतरराष्ट्रीय भागीदारी और फिल्मों की गुणवत्ता में नई ऊँचाई प्राप्त की है। उद्घाटन समारोह में सिनेमाई विशेषज्ञ, फिल्म निर्माता, कलाकार और मीडिया के वरिष्ठ प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने नवोदित फिल्मकारों को प्रोत्साहित करने और उनके काम को पहचान दिलाने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार सिनेमा और फिल्म उद्योग को बढ़ावा देने के लिए कई पहल कर रही है, जिसमें फिल्म निर्माण के लिए तकनीकी और वित्तीय सहायता शामिल है। इस अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी आयोजन किया गया, जिसमें स्थानीय नृत्य और संगीत प्रस्तुतियों के माध्यम से केरल की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि फिल्म महोत्सव केवल स्क्रीनिंग तक सीमित नहीं है, बल्कि यह शिक्षा, चर्चा और सांस्कृतिक आदान-प्रदान का एक मंच भी है।
मुख्यमंत्री ने मीडिया और फिल्म जगत के प्रतिनिधियों से आग्रह किया कि वे इस महोत्सव के माध्यम से सिनेमा के सकारात्मक संदेश को समाज तक पहुँचाने में योगदान दें। उन्होंने कहा कि केरल फिल्म महोत्सव देश में सिनेमा के महत्व और कला के क्षेत्र में नवीनतम प्रवृत्तियों को उजागर करने का एक आदर्श मंच है। इस अवसर पर फिल्म उद्योग से जुड़े कई प्रतिष्ठित व्यक्तियों ने भी भाषण दिए और नवोदित कलाकारों तथा फिल्मकारों को प्रोत्साहित किया। उद्घाटन समारोह के बाद IFFK की फिल्म स्क्रीनिंग और शैक्षिक सत्र प्रारंभ हुए, जिनमें विभिन्न देशों की फिल्मों और डॉक्यूमेंट्रीज को प्रदर्शित किया गया।
मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन ने कहा कि IFFK के माध्यम से केवल फिल्म प्रेमियों ही नहीं बल्कि आम जनता भी सिनेमा के माध्यम से सामाजिक, सांस्कृतिक और वैश्विक मुद्दों से अवगत होती है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस महोत्सव से केरल और भारत के सिनेमा को वैश्विक पहचान और सम्मान मिलेगा। निष्कर्ष रूप में, 30वां IFFK न केवल फिल्म प्रेमियों के लिए बल्कि कला, संस्कृति और सामाजिक चेतना के प्रचार-प्रसार का भी एक महत्वपूर्ण मंच है। मुख्यमंत्री विजयन की उपस्थिति और उनके संबोधन ने इस आयोजन को और अधिक प्रतिष्ठित और सार्थक बना दिया।
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