
कोच्चि: केरल उच्च न्यायालय की एक खंडपीठ ने सोमवार को सीएमआरएल-एक्सलॉजिक भुगतान मामले में पूर्व मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन, उनकी बेटी वीणा टी और दामाद पीए मुहम्मद रियास के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश देने वाले एकल न्यायाधीश के आदेश पर रोक लगा दी।
न्यायमूर्ति के नटराजन और न्यायमूर्ति जॉनसन जॉन की पीठ ने अपील का निपटारा होने तक सतर्कता और भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (वीएसीबी) द्वारा दर्ज की गई एफआईआर और एजेंसी द्वारा आगे की जांच को भी स्थगित रखा।
अदालत ने एकल न्यायाधीश के आदेश को चुनौती देने वाली विजयन, वीना और रियास द्वारा दायर अपीलों को स्वीकार कर लिया, यह देखते हुए कि मामले पर विस्तृत विचार की आवश्यकता है। इसने अगली सुनवाई 25 नवंबर तय की।
राज्य सरकार ने अदालत को बताया कि वह वीएसीबी को एफआईआर दर्ज करने के एकल न्यायाधीश के निर्देश से असहमत है। हालाँकि, चूंकि एक एफआईआर पहले ही दर्ज की जा चुकी थी, इसलिए इस स्तर पर अदालत को इसमें हस्तक्षेप करने की कोई आवश्यकता नहीं थी, महाधिवक्ता (एजी) जाजू बाबू ने कहा।





