Karnataka कर्नाटक: कर्नाटक के चिक्कोडी एजुकेशनल डिस्ट्रिक्ट के अथानी तालुक स्थित कटगेरी गांव की छात्रा प्रार्थना नागप्पा बिरादर पाटिल ने SSLC परीक्षा में राज्य स्तर पर पहला स्थान हासिल कर ग्रामीण क्षेत्र का नाम रोशन किया है। अपनी इस उपलब्धि से उन्होंने न केवल अपने परिवार और स्कूल को गौरवान्वित किया है, बल्कि पूरे क्षेत्र में खुशी का माहौल बना दिया है।
रिजल्ट आने के बाद अपनी प्रतिक्रिया में प्रार्थना ने कहा कि उन्हें 620 मार्क्स आने की उम्मीद थी, लेकिन 625 अंक प्राप्त होने पर वह बहुत खुश हैं। उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय अपने शिक्षकों, माता-पिता और लगातार मेहनत को दिया। प्रार्थना ने कहा कि उनके टीचर्स ने हमेशा उन्हें प्रोत्साहित किया और कठिन समय में उनका हौसला बढ़ाया, जबकि उनके माता-पिता ने हर कदम पर उनका साथ दिया।
उन्होंने यह भी कहा कि उनकी यह सफलता उनकी लगातार पढ़ाई और समर्पण का परिणाम है। प्रार्थना ने विश्वास जताया कि अगर मेहनत सही दिशा में की जाए तो किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है।
इंटरव्यू में उन्होंने कहा, “मैं इस बात की गवाह हूँ कि सरकारी स्कूलों में भी किसी चीज़ की कमी नहीं है।” उनके इस बयान को शिक्षा व्यवस्था में भरोसे और सरकारी स्कूलों की गुणवत्ता पर एक सकारात्मक संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
ग्रामीण क्षेत्र से आने के बावजूद प्रार्थना की यह उपलब्धि अन्य छात्रों के लिए प्रेरणा बन गई है। उनके स्कूल और गांव में शिक्षकों और स्थानीय लोगों द्वारा उनका भव्य स्वागत किया गया। कई लोगों ने इसे ग्रामीण शिक्षा प्रणाली की सफलता का उदाहरण बताया है।
प्रार्थना ने अपने भविष्य की योजनाओं के बारे में बताते हुए कहा कि वह आगे चलकर PAC साइंस डिपार्टमेंट में प्रवेश लेना चाहती हैं। इसके बाद उनका लक्ष्य मेडिकल क्षेत्र में करियर बनाना या UPSC परीक्षा की तैयारी कर देश की सेवा करना है।
उनकी इस उपलब्धि ने यह साबित किया है कि संसाधनों की कमी के बावजूद मजबूत इच्छाशक्ति, सही मार्गदर्शन और मेहनत से बड़ी सफलता हासिल की जा सकती है। शिक्षा क्षेत्र से जुड़े लोगों ने भी उनकी सफलता को सराहनीय बताया है और इसे ग्रामीण प्रतिभा के उज्ज्वल उदाहरण के रूप में देखा जा रहा है।
कटगेरी गांव में इस उपलब्धि के बाद जश्न का माहौल है और स्थानीय लोग प्रार्थना की इस सफलता पर गर्व महसूस कर रहे हैं। उनकी कहानी आने वाले छात्रों के लिए प्रेरणा का स्रोत बन गई है, जो यह संदेश देती है कि मेहनत और लगन से किसी भी लक्ष्य को पाया जा सकता है।





