
Karnataka कर्नाटक: बीमारी के कारण लगभग एक सप्ताह तक कार्य से दूर रहने के बाद कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डॉ. जी. परमेश्वर सोमवार को दोबारा अपने काम पर लौट आए। वापसी के साथ ही उन्होंने प्रशासनिक गतिविधियों को गति देते हुए राजस्व विभाग की समीक्षा शुरू की।
विधान सौधा में उन्होंने रेवेन्यू डिपार्टमेंट का निरीक्षण किया और अधिकारियों को निर्देश दिए कि विभाग में खाली पड़े पदों को जल्द से जल्द भरा जाए। इसके साथ ही उन्होंने लंबे समय से लंबित पदोन्नति प्रक्रियाओं को भी तेज करने पर जोर दिया।
उपमुख्यमंत्री की अध्यक्षता में कैबिनेट सब-कमेटी की बैठक भी आयोजित हुई, जिसमें मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार भी शामिल हुए। बैठक में प्रशासनिक सुधार और विभागीय कार्यों की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई।
जानकारी के अनुसार, पिछले बुधवार को घर पर रहते हुए डॉ. जी. परमेश्वर ने 232 ग्रेड-2 तहसीलदारों को ग्रेड-1 में पदोन्नत करने के आदेश दिए थे। इस बार बैठक में मुख्य रूप से रेवेन्यू इंस्पेक्टर को डिप्टी तहसीलदार के पद पर प्रमोशन देने की संभावना पर विचार किया गया।
सरकारी सूत्रों के मुताबिक, यह कदम प्रशासनिक ढांचे को मजबूत करने और जमीनी स्तर पर काम कर रहे कर्मचारियों का मनोबल बढ़ाने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है। खासकर उन अधिकारियों को प्रोत्साहित करने पर ध्यान दिया जा रहा है जो किसानों और आम जनता से सीधे जुड़े रहते हैं।
अधिकारियों का मानना है कि समय पर पदोन्नति और रिक्त पदों की पूर्ति से विभागीय कार्यप्रणाली में सुधार आएगा और फाइलों के निपटारे में तेजी आएगी।
डिप्टी सीएम ने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार प्रशासनिक स्तर पर पारदर्शिता और दक्षता को प्राथमिकता दे रही है, ताकि आम लोगों को सरकारी सेवाओं का लाभ समय पर मिल सके।
इस बैठक और निर्देशों को कर्नाटक प्रशासन में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है, जिसका उद्देश्य विभागीय व्यवस्था को अधिक सक्रिय और जवाबदेह बनाना है।





