
Karnataka कर्नाटक: बुधवार को शहर में हुई बेमौसम ओलावृष्टि और भारी बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया। तेज बारिश और ओलों के कारण कई इलाकों में पेड़ और उनकी बड़ी-बड़ी टहनियां उखड़कर सड़कों पर गिर गईं, जिससे यातायात व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई।
नगर निगम और GBA की ओर से राहत और सफाई कार्य अपेक्षा के अनुसार तेज़ नहीं किया गया, जिससे कई मुख्य सड़कों पर घंटों तक ट्रैफिक जाम की स्थिति बनी रही। वाहन चालकों और आम लोगों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई जगहों पर लोग अपने घरों से बाहर तक नहीं निकल पाए।
गुरुवार रात तक भी कई स्थानों पर गिरे हुए पेड़ और टहनियों को पूरी तरह हटाया नहीं जा सका था। नगर निगम के कर्मचारियों द्वारा सफाई कार्य में धीमी गति से काम किए जाने पर स्थानीय लोगों में नाराजगी देखी गई। लोगों का कहना है कि बारिश के तुरंत बाद प्रभावी कार्रवाई होनी चाहिए थी, लेकिन देरी के कारण स्थिति और बिगड़ गई।
GBA के चीफ कमिश्नर महेश्वर राव द्वारा पहले यह आश्वासन दिया गया था कि शिकायत मिलने के तीन घंटे के भीतर राहत और मुआवज़ा दिया जाएगा, लेकिन कई प्रभावित क्षेत्रों में यह वादा पूरा होता नहीं दिखा।
शहर के कई प्रमुख मार्गों पर पेड़ और टहनियां अब भी हटाई नहीं गई थीं, जिनमें सदाशिवनगर भाष्यम सर्कल, जयनगर 9th मेन रोड, 32nd क्रॉस रोड, 23rd क्रॉस रोड, जयनगर पुट्टन्ना जंक्शन, कुमारकृपा रोड, मल्लेश्वर रेलवे पैरेलल रोड, चामराजपेट पुलिस स्टेशन रोड, थर्ड मेन रोड, कडू मल्लेश्वर मंदिर क्षेत्र, बनशंकरी फेज 1 5th मेन रोड, सिरसी सर्कल और दिन्नूर मेन रोड शामिल हैं।
इन इलाकों में बाधित यातायात के कारण लोगों को लंबा इंतजार करना पड़ा और कई जगह एंबुलेंस और जरूरी सेवाओं की आवाजाही भी प्रभावित हुई।
कुल मिलाकर, भारी बारिश और ओलावृष्टि के बाद राहत कार्यों में देरी ने शहर की व्यवस्थाओं की तैयारियों पर सवाल खड़े कर दिए हैं, और लोगों को अभी भी सामान्य स्थिति बहाल होने का इंतजार है।





