
Karnataka कर्नाटक: देवनहल्ली क्षेत्र में मंगलवार रात एक भयानक घटना ने स्थानीय लोगों को सकते में डाल दिया। नल्लूर गांव में एक पारिवारिक झगड़े के दौरान एक मासूम पालतू कुत्ते को गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया गया। घटना के पीछे परिवार के भीतर प्रॉपर्टी बंटवारे को लेकर चल रहे विवाद को माना जा रहा है।
पीड़ित एन. वेंकटेश ने बताया कि उनके सौतेले भाई नारायणस्वामी और उसकी पत्नी नागम्मा ने उनके कुत्ते को निशाना बनाया। उन्होंने आरोप लगाया कि आरोपियों ने पहले उनके परिवार पर बंदूक तानकर जान से मारने की धमकी भी दी थी। वेंकटेश ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराते हुए कहा, “मेरे कुत्ते ने कोई फसल खराब नहीं की थी। आवारा कुत्ते खेत में घुस आए थे, लेकिन आरोपी बहाने ढूंढ रहे थे और मासूम कुत्ते को मार डाला।”
स्थानीय लोगों के अनुसार, वेंकटेश और नारायणस्वामी के बीच पुरानी प्रॉपर्टी विवाद की वजह से तनाव बना हुआ था। वेंकटेश के पिता की दो पत्नियाँ थीं और नारायणस्वामी दूसरी पत्नी का बेटा है। परिवार में इस प्रॉपर्टी बंटवारे को लेकर कई वर्षों से मतभेद चल रहे थे।
पुलिस ने घटना के बारे में बताया कि यह मंगलवार रात करीब 9.15 बजे हुई। आरोपियों ने वेंकटेश के पालतू कुत्ते को गोली मार दी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना CCTV कैमरे में कैद हो गई और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद लोगों में गुस्सा फैल गया।
चन्नारायपटना पुलिस स्टेशन ने मामले में एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ क्रिमिनल प्रोसीजर कोड और इंडियन पेनल कोड की अलग-अलग धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपियों के पास बंदूक चलाने का वैध लाइसेंस था या नहीं।
स्थानीय प्रशासन ने इस घटना की निंदा की है और कहा कि यह न केवल कानूनी अपराध है, बल्कि सामाजिक और नैतिक दृष्टि से भी गंभीर मामला है। पुलिस अधिकारियों ने कहा कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा और कानूनी प्रक्रिया के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस घटना ने नल्लूर और आसपास के गांवों में शोक और चिंता फैलाई है। जानवरों के अधिकारों के लिए काम करने वाले संगठन भी इस घटना पर गहरी चिंता व्यक्त कर चुके हैं। उनका कहना है कि पालतू जानवरों के साथ हिंसा किसी भी हालत में स्वीकार्य नहीं है और अपराधियों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए।
स्थानीय लोगों ने बताया कि परिवार के भीतर लंबे समय से चले आ रहे मतभेद और संपत्ति विवाद अक्सर झगड़ों का कारण बनते हैं। लेकिन इस बार यह विवाद मासूम जानवर की जान लेने तक पहुँच गया, जिससे इलाके में सुरक्षा और सामाजिक सद्भाव पर सवाल उठने लगे हैं।
पुलिस का कहना है कि वे इस मामले में सभी सबूतों की गहन जांच कर रहे हैं, जिसमें CCTV फुटेज, गवाहों के बयान और हथियार की वैधता की पुष्टि शामिल है। अधिकारी ने जनता से अपील की है कि वे मामले के बारे में अफवाहें फैलाने से बचें और जांच में मदद करें।
इस घटना ने स्थानीय प्रशासन, पुलिस और समाज के बीच पालतू जानवरों की सुरक्षा और पारिवारिक विवादों के गंभीर परिणामों पर चिंता बढ़ा दी है।





