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Ranchi रांची। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू झारखंड के तीन दिवसीय दौरे पर रविवार करीब 6.15 बजे रांची पहुंचीं। बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पर राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ सहित कई प्रमुख लोगों ने उनका स्वागत किया। मुख्यमंत्री हेमंंत सोरेन ने उन्हें स्मृति चिह्न प्रदान किया। इसके करीब 25 मिनट बाद राष्ट्रपति मुर्मू का काफिला लोकभवन पहुंचा। राष्ट्रपति यहां रात्रि विश्राम करेंगी। वह 29 और 30 दिसंबर को जमशेदपुर और गुमला में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में भाग लेंगी।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने राष्ट्रपति मुर्मू के स्वागत की तस्वीरें सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा करते हुए लिखा, ‘झारखंड की वीर भूमि में देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का हार्दिक अभिनंदन, स्वागत और जोहार। एयरपोर्ट के बाद लोकभवन पहुंचने पर राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने उनकी अगवानी की। उन्होंने सोशल मीडिया पर अपने उद्गार व्यक्त करते हुए लिखा, ‘राष्ट्रपति, लोक भवन, रांची में आपका हार्दिक स्वागत एवं अभिनंदन है। आपके आगमन से संपूर्ण लोक भवन परिवार में हर्ष एवं उत्साह का वातावरण व्याप्त है।’
वह झारखंड के राज्यपाल के रूप में छह साल तक इसी लोकभवन (राजभवन) में रही हैं। उनका यहां कई गणमान्य लोगों और राजभवन के कर्मियों से औपचारिक मुलाकात का भी कार्यक्रम है। 29 दिसंबर को राष्ट्रपति सुबह 9.45 बजे लोकभवन से बिरसा मुंडा एयरपोर्ट के लिए प्रस्थान करेंगी और वहां से जमशेदपुर रवाना होंगी। राष्ट्रपति का विमान सोनारी एयरपोर्ट पर उतरेगा, जहां से वे सड़क मार्ग से जमशेदपुर के करनडीह स्थित जाहेरथान (आदिवासियों का पूजा स्थल) पहुंचकर शीश नवाएंगी। इसके बाद वह संथाली भाषा की ओलचिकी लिपि के शताब्दी वर्ष समारोह के समापन कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी।
ऑल इंडिया संथाली राइटर्स एसोसिएशन के महासचिव रवींद्रनाथ मुर्मू के अनुसार, राष्ट्रपति इस कार्यक्रम में मंच से ओलचिकी लिपि के संरक्षण, संवर्द्धन और प्रचार-प्रसार में उल्लेखनीय योगदान देने वाले 12 व्यक्तियों को सम्मानित करेंगी। कार्यक्रम में राज्यपाल संतोष गंगवार और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन भी मंच साझा करेंगे। इस समारोह में देशभर से करीब 800 प्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है। उसी दिन राष्ट्रपति जमशेदपुर स्थित राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) में आयोजित 15वें दीक्षा समारोह को भी संबोधित करेंगी। दोनों कार्यक्रमों में भाग लेने के बाद राष्ट्रपति शाम साढ़े चार बजे रांची लौट आएंगी और लोकभवन में रात्रि विश्राम करेंगी।
30 दिसंबर को राष्ट्रपति सुबह करीब 9.45 बजे लोकभवन से बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पहुंचेंगी, जहां से गुमला जिले के रायडीह प्रखंड रवाना होंगी, जहां वे महान आदिवासी नेता कार्तिक उरांव की स्मृति में आयोजित अंतरराज्यीय जनसंस्कृति समागम में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लेंगी। इस कार्यक्रम में केंद्रीय जनजातीय मामलों के मंत्री जुएल ओराम, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी भी उपस्थित रहेंगे। कार्यक्रम के बाद राष्ट्रपति अपराह्न 2.45 बजे जसपुर से उड़ान भरकर रांची पहुंचेंगी और वहां से दिल्ली के लिए रवाना होंगी।
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