
झारखंड: झारखंड सरकार के गृह, कारा एवं आपदा प्रबंधन विभाग ने पूर्व सैनिकों और अर्द्धसैनिक बलों के सेवानिवृत्त जवानों के लिए बड़ी भर्ती प्रक्रिया शुरू की है। राज्य की 10 जेलों में कुल 340 कक्षपाल (वार्डर) पदों पर नियुक्ति की जाएगी। इस भर्ती को लेकर 12 अगस्त को हजारीबाग केंद्रीय जेल में वॉक-इन-इंटरव्यू आयोजित किया जाएगा। यह भर्ती पूरी तरह अनुबंध आधारित होगी और प्रारंभिक रूप से एक वर्ष के लिए की जाएगी, जिसे जरूरत के अनुसार बढ़ाया जा सकता है।
कुल 340 पदों में पुरुष और महिला दोनों शामिल
इस भर्ती में 321 पद पुरुष कक्षपाल और 19 पद महिला कक्षपाल के लिए निर्धारित किए गए हैं। चयनित अभ्यर्थियों की तैनाती राज्य की विभिन्न जेलों में की जाएगी, जिनमें धनबाद, बोकारो (चास), कोडरमा, चतरा, गिरिडीह, रामगढ़ और बरही जैसी जेलें शामिल हैं। धनबाद जेल में 40 पुरुष और 4 महिला कक्षपाल के पद रखे गए हैं, जबकि अन्य जिलों में भी रिक्तियां तय की गई हैं।
वेतन और सुविधाएं
चयनित उम्मीदवारों को 20,000 रुपये प्रतिमाह फिक्स वेतन दिया जाएगा। इसके साथ ही हर साल 8 प्रतिशत वेतन वृद्धि भी दी जाएगी। कर्मचारियों को साल में 20 दिनों का अवकाश मिलेगा और ड्यूटी के दौरान नियमानुसार यात्रा और दैनिक भत्ता भी प्रदान किया जाएगा। ड्यूटी के दौरान किसी अनहोनी या मृत्यु की स्थिति में परिवार को राज्य पुलिसकर्मियों के समान अनुग्रह अनुदान राशि दी जाएगी।
आयु सीमा और चयन प्रक्रिया
इस भर्ती के लिए अधिकतम आयु सीमा 1 जून 2026 तक 55 वर्ष निर्धारित की गई है। चयन में कम उम्र के पूर्व सैनिकों को प्राथमिकता दी जाएगी। तकनीकी या विशेष कौशल रखने वाले उम्मीदवारों को अतिरिक्त वेटेज दिया जाएगा। इंटरव्यू के दौरान शारीरिक और स्वास्थ्य जांच भी की जाएगी। चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति से पहले एक महीने की विशेष ट्रेनिंग दी जाएगी।
जरूरी दस्तावेज
उम्मीदवारों को इंटरव्यू के समय डिस्चार्ज कार्ड, पहचान पत्र, शैक्षणिक प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र और पासपोर्ट साइज फोटो साथ लाना अनिवार्य होगा। मूल दस्तावेज न दिखाने पर आवेदन रद्द किया जा सकता है।
इंटरव्यू की तारीख और स्थान
वॉक-इन-इंटरव्यू 12 अगस्त को हजारीबाग स्थित लोकनायक जयप्रकाश नारायण केंद्रीय कारा में आयोजित होगा। उम्मीदवारों को समय पर उपस्थित होना होगा। हालांकि, इसमें यात्रा भत्ता नहीं दिया जाएगा।
निष्कर्ष
झारखंड सरकार की यह पहल पूर्व सैनिकों के लिए रोजगार का बड़ा अवसर मानी जा रही है। इससे न केवल उन्हें रोजगार मिलेगा बल्कि जेल प्रशासन को भी अनुभवी कर्मी मिलेंगे, जिससे सुरक्षा व्यवस्था और मजबूत होने की उम्मीद है।





