झारखंड

Giridih : बिरनी सीएचसी में डॉ. साकिब जमाल के खिलाफ धरना चौथे दिन भी जारी

Kavita2
5 Jun 2026 5:02 PM IST
Giridih : बिरनी सीएचसी में डॉ. साकिब जमाल के खिलाफ धरना चौथे दिन भी जारी
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Jharkhand झारखण्ड : गिरिडीह जिले के बिरनी स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) में डॉ. साकिब जमाल के खिलाफ चल रहा अनिश्चितकालीन धरना शुक्रवार को चौथे दिन भी जारी रहा। धरनार्थी अस्पताल में कथित वित्तीय अनियमितताओं और फर्जी बहाली के मामलों में कार्रवाई की मांग को लेकर लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं।

धरनार्थियों का आरोप है कि प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. साकिब जमाल ने अस्पताल के वित्तीय मामलों में गड़बड़ी की और फर्जी बहाली के जरिए कर्मचारियों को लाभ पहुंचाया। उन्होंने जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग से डॉ. जमाल के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है।

धरना समाप्त कराने के लिए जिला असैनिक शल्य चिकित्सक-सह-मुख्य चिकित्सा पदाधिकारी के निर्देश पर गिरिडीह सदर प्रभारी डॉ. सचिन कुमार, बिरनी बीडीओ फणीश्वर रजवार और सीओ संदीप मधेसिया धरना स्थल पहुंचे। अधिकारियों ने करीब तीन घंटे तक धरनार्थियों से बातचीत की और उन्हें आंदोलन समाप्त करने के लिए मनाने का प्रयास किया।

हालांकि, धरनार्थियों ने अधिकारियों से संतोषजनक उत्तर न मिलने पर धरना जारी रखने का निर्णय लिया। उनका कहना है कि केवल लिखित आश्वासन पर्याप्त नहीं है और तुरंत जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। धरनास्थल पर उपस्थित कर्मचारियों और स्थानीय लोगों का कहना है कि अस्पताल का कामकाज प्रभावित हो रहा है, लेकिन आंदोलन का उद्देश्य न्याय और पारदर्शिता सुनिश्चित करना है।

जिला प्रशासन ने कहा कि मामला गंभीर है और स्वास्थ्य विभाग द्वारा जांच कराकर दोषियों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि अस्पताल में मरीजों की सुविधा प्रभावित न हो, इसके लिए वैकल्पिक व्यवस्था की जा रही है।

धरनार्थियों का आंदोलन स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के ध्यान में आने के बाद भी जारी है, जिससे अस्पताल प्रशासन और कर्मचारियों के बीच तनाव की स्थिति बनी हुई है। इस दौरान कई बार वार्ता के प्रयास हुए, लेकिन धरनार्थियों ने अपनी मांगों पर जोर देते हुए आंदोलन खत्म करने से इनकार किया।

स्थानीय लोगों ने कहा कि यह धरना केवल व्यक्तिगत विवाद नहीं है, बल्कि अस्पताल के वित्तीय और प्रशासनिक पारदर्शिता के लिए एक चेतावनी भी है। उनका कहना है कि स्वास्थ्य केंद्र में कर्मचारियों की मनमानी और अनियमितताओं के खिलाफ आवाज उठाना आवश्यक है।

धरने की स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन ने आसपास सुरक्षा बढ़ा दी है और स्वास्थ्य केंद्र के कार्यों को सुचारू बनाए रखने के प्रयास किए जा रहे हैं। प्रशासन का मानना है कि जल्द ही वार्ता और जांच के माध्यम से समस्या का समाधान निकाला जाएगा।

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