रांची। केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) के अतिरिक्त महानिदेशक (एडीजी) सुधीर कुमार ने सीआईएसएफ ईस्टर्न सेक्टर मुख्यालय, धुर्वा रांची का दो दिवसीय दौरा किया। इस दौरान उन्होंने बिहार और झारखंड में तैनात सीआईएसएफ इकाइयों की परिचालन तैयारियों, सुरक्षा व्यवस्था और कार्यप्रणाली की विस्तृत समीक्षा की।
दौरे के दौरान एडीजी सुधीर कुमार ने क्षेत्र की विभिन्न सुरक्षा इकाइयों के अधिकारियों के साथ बैठक की और मौजूदा सुरक्षा चुनौतियों पर चर्चा की। उन्होंने औद्योगिक प्रतिष्ठानों, महत्वपूर्ण संस्थानों और संवेदनशील क्षेत्रों की सुरक्षा को लेकर अधिकारियों से जानकारी ली।
सीआईएसएफ देश के प्रमुख औद्योगिक और महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालता है। ऐसे में सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए समय-समय पर वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा इकाइयों का निरीक्षण किया जाता है। इसी क्रम में एडीजी का यह दौरा महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
बैठक के दौरान बिहार और झारखंड में तैनात सीआईएसएफ इकाइयों के अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्रों की सुरक्षा स्थिति, उपलब्ध संसाधनों और परिचालन संबंधी तैयारियों की जानकारी दी। एडीजी ने सुरक्षा व्यवस्था में सुधार और बेहतर समन्वय के लिए जरूरी दिशा-निर्देश भी दिए।
सुधीर कुमार ने अधिकारियों और जवानों से बातचीत करते हुए सुरक्षा ड्यूटी को पूरी जिम्मेदारी और सतर्कता के साथ निभाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि बदलती सुरक्षा चुनौतियों को देखते हुए आधुनिक तकनीक, बेहतर प्रशिक्षण और प्रभावी रणनीति के साथ काम करना जरूरी है।
दौरे के दौरान उन्होंने सीआईएसएफ कर्मियों की कार्य परिस्थितियों और सुविधाओं की भी जानकारी ली। उन्होंने जवानों की समस्याओं को सुना और उनके समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाने की बात कही।
सीआईएसएफ ईस्टर्न सेक्टर मुख्यालय, धुर्वा रांची में आयोजित बैठकों में सुरक्षा मानकों, आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने की तैयारी और बल की परिचालन क्षमता बढ़ाने जैसे विषयों पर चर्चा हुई।
अधिकारियों के अनुसार, औद्योगिक सुरक्षा के क्षेत्र में लगातार नई चुनौतियां सामने आ रही हैं। ऐसे में सुरक्षा बलों को हर परिस्थिति के लिए तैयार रहना आवश्यक है। एडीजी ने इसी उद्देश्य से इकाइयों की तैयारियों की समीक्षा की।
बिहार और झारखंड में सीआईएसएफ की कई महत्वपूर्ण इकाइयां तैनात हैं, जो ऊर्जा, खनन, औद्योगिक और अन्य महत्वपूर्ण क्षेत्रों की सुरक्षा में योगदान दे रही हैं। इन इकाइयों की कार्यक्षमता और सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाए रखना सीआईएसएफ की प्राथमिकताओं में शामिल है।
दौरे के दौरान एडीजी ने सुरक्षा कर्मियों की भूमिका की सराहना की और उन्हें पेशेवर दक्षता बनाए रखने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि सीआईएसएफ की जिम्मेदारी केवल सुरक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि देश के महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे की सुरक्षा सुनिश्चित करना भी है।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसी भी संभावित खतरे से निपटने के लिए सतर्कता और आपसी समन्वय बनाए रखें। साथ ही सुरक्षा प्रक्रियाओं का नियमित मूल्यांकन करते रहने की आवश्यकता बताई।
सीआईएसएफ अधिकारियों ने बताया कि एडीजी के दौरे से जवानों और अधिकारियों का मनोबल बढ़ा है। वरिष्ठ अधिकारी द्वारा सीधे संवाद करने से सुरक्षा व्यवस्था को और बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।
दौरे के अंत में एडीजी सुधीर कुमार ने सीआईएसएफ ईस्टर्न सेक्टर मुख्यालय की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
कुल मिलाकर, एडीजी का यह दौरा बिहार और झारखंड में सीआईएसएफ की सुरक्षा तैयारियों को परखने और उन्हें और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। सुरक्षा व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने के लिए बल की ओर से आगे भी ऐसे निरीक्षण और समीक्षा जारी रहने की उम्मीद है।





