
झारखंड: धनबाद जिले के टंडाबाड़ी इलाके में भू-धंसान की घटना के बाद बीसीसीएल (भारत कोकिंग कोल लिमिटेड) ने सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए बड़ी कार्रवाई की है। खतरनाक और चिह्नित क्षेत्रों में स्थित 16 अवैध आवासों पर बुलडोजर चलाकर उन्हें ध्वस्त कर दिया गया।
यह कार्रवाई सोनारडीह ओपी क्षेत्र के तहत की गई, जहां 31 मार्च को हुए भू-धंसान में तीन लोगों की मौत हो गई थी। इस दर्दनाक घटना के बाद प्रशासन और बीसीसीएल प्रबंधन ने जोखिम वाले इलाकों में सख्ती बढ़ा दी है। मंगलवार को गोविंदपुर क्षेत्रीय प्रबंधन ने सोनारडीह पुलिस और सीआईएसएफ की मौजूदगी में यह अभियान चलाया। कार्रवाई से पहले माइक से अनाउंसमेंट कर लोगों को जानकारी दी गई और इसके बाद बुलडोजर की मदद से घरों को हटाया गया।
बीसीसीएल के अनुसार, टंडाबाड़ी क्षेत्र में कुल 21 अवैध और खतरनाक आवासों को हटाने का नोटिस जारी किया गया था। इनमें से 16 घरों को मंगलवार को ध्वस्त कर दिया गया, जबकि बाकी 5 आवासों को आने वाले एक-दो दिनों में गृहस्वामियों की मौजूदगी में हटाया जाएगा। ध्वस्त किए गए घरों में रामप्यारी देवी, चंदेश्वर भुइयां और राजेश्वर रविदास सहित 16 गैर रैयत परिवार शामिल हैं। एबीजी कोलियरी के कार्मिक प्रबंधक आलोक कुमार राय ने बताया कि यह कार्रवाई सुरक्षा कारणों से जरूरी थी और आगे भी जोखिम वाले क्षेत्रों में अभियान जारी रहेगा।
प्रशासन का कहना है कि भू-धंसान जैसी घटनाओं को रोकने और लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए यह कदम उठाया गया है। हालांकि, इस कार्रवाई के बाद प्रभावित परिवारों में असमंजस और चिंता का माहौल भी देखा जा रहा है। बीसीसीएल ने स्पष्ट किया है कि जिन इलाकों को असुरक्षित घोषित किया गया है, वहां रहने की अनुमति नहीं दी जाएगी। आने वाले दिनों में शेष घरों को भी नियमानुसार हटाया जाएगा। इस पूरे अभियान के बाद इलाके में सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी बढ़ा दी गई है, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोका जा सके।





