
Jharkhand झारखण्ड : टाटानगर स्टेशन के पास चाईबासा बस स्टैंड के समीप ट्रैफिक चेकिंग के दौरान एक विवादित मामला सामने आया है। बाइक सवार एक बुजुर्ग शिक्षक और उनके भतीजे को रोककर कथित तौर पर चालान के नाम पर 10 हजार रुपये की मांग किए जाने का आरोप लगा है। इस घटना के बाद मौके पर भारी हंगामा हो गया और माहौल तनावपूर्ण बन गया।
जानकारी के अनुसार, कोवाली निवासी चंदन सरदार अपने चाचा, जो एक बुजुर्ग शिक्षक हैं, को बाइक पर बैठाकर पोटका से बारीडीह स्थित विजया गार्डन की ओर जा रहे थे। बताया जा रहा है कि शिक्षक सरकारी जनगणना कार्य से जुड़े काम के लिए निकले थे। इसी दौरान टाटानगर के पास ट्रैफिक पुलिस द्वारा उन्हें रोका गया।
परिजनों का आरोप है कि उनके पास सभी वैध कागजात और हेलमेट मौजूद होने के बावजूद उन्हें परेशान किया गया और चालान के नाम पर 10 हजार रुपये की मांग की गई। इस कथित मांग के बाद मौके पर बहस शुरू हो गई, जो धीरे-धीरे हंगामे में बदल गई।
घटना की जानकारी मिलते ही पोटका विधायक संजीव सरदार खुद मौके पर पहुंच गए। विधायक के पहुंचते ही पुलिस प्रशासन में भी हलचल देखी गई। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों से पूरे मामले की जानकारी ली और कार्रवाई पर सवाल उठाए।
स्थानीय लोगों के अनुसार, घटना के बाद क्षेत्र में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा और बड़ी संख्या में लोग मौके पर इकट्ठा हो गए। लोगों ने इस तरह की वसूली और मनमानी पर नाराजगी जताई।
वहीं पुलिस अधिकारियों ने मामले की जांच की बात कही है और कहा है कि सभी पक्षों के बयान लिए जा रहे हैं। यदि किसी भी स्तर पर अनियमितता पाई जाती है तो आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
कुल मिलाकर, टाटानगर में ट्रैफिक चेकिंग के दौरान सामने आए इस विवाद ने पुलिस व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं और मामले की जांच के बाद ही पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।





