
Jharkhand: पलामू के पोखराहा स्थित मेदिनीराय मेडिकल कॉलेज में शिक्षकों और संसाधनों की भारी कमी पर नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) ने सख्त रुख अपनाया है। कमीशन ने कॉलेज प्रशासन को 45 दिनों के भीतर सभी कमियों को दूर करने का निर्देश दिया है। समय पर सुधार नहीं होने पर 2026-27 सत्र में नामांकन पर रोक, सीटों में कटौती या जुर्माना जैसी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
NMC की ओर से यह निर्देश चिकित्सा शिक्षा रेगुलेशन 2023 और वार्षिक उद्घोषणा रिपोर्ट के आधार पर दिया गया है। यूजीएमईबी के डिप्टी सेक्रेटरी धर्मेंद्र ने एमएमसीएच के प्राचार्य को इस संबंध में पत्र भेजा है।
कॉलेज में प्रोफेसर, एसोसिएट प्रोफेसर, असिस्टेंट प्रोफेसर, सीनियर रेजिडेंट और ट्यूटर सहित विभिन्न पदों पर करीब 40 प्रतिशत तक कमी पाई गई है। स्वीकृत 150 पदों में से 91 ही कार्यरत हैं, जबकि कई महत्वपूर्ण पद खाली हैं। इनमें 11 प्रोफेसर, 5 एसोसिएट प्रोफेसर, 30 असिस्टेंट प्रोफेसर, 5 सीनियर रेजिडेंट और 8 ट्यूटर व डेमोंस्ट्रेटर के पद शामिल हैं।
इसके अलावा अस्पताल में 500 बेड की आवश्यकता के मुकाबले केवल 353 बेड उपलब्ध हैं। मरीजों की भर्ती दर भी मानक से कम पाई गई है, जबकि NMC के अनुसार 80 प्रतिशत से अधिक बेड ऑक्युपेंसी जरूरी है। साथ ही स्किल लैब और पर्याप्त डेड बॉडी की भी कमी बताई गई है।
कॉलेज प्रशासन के अनुसार, डॉक्टरों की भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और 500 बेड अस्पताल का निर्माण कार्य चल रहा है। स्किल लैब को भी जल्द पूरा करने की बात कही गई है।





