
Jharkhand: नोवामुंडी (पश्चिमी सिंहभूम) के सरविल गांव में मंगलवार को एक दर्दनाक हादसे में दो वर्षीय मासूम सुनयना चातार की तालाब में डूबने से मौत हो गई. इस घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है.
खेलते-खेलते पहुंची तालाब, फिर हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, सुनयना घर के बाहर खेल रही थी. इसी दौरान वह खेलते-खेलते पास स्थित तालाब तक पहुंच गई और पानी में डूब गई. जब तक परिजनों को घटना की जानकारी मिली, तब तक देर हो चुकी थी.
ग्रामीणों की मदद से बच्ची को टिस्को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
इकलौती संतान थी सुनयना
सुनयना अपने माता-पिता की इकलौती बेटी थी. उसके पिता रोजी-रोटी के लिए मुंबई में काम करते हैं, जबकि मां स्थानीय स्तर पर काम कर परिवार का सहारा बनती हैं. मासूम की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है.
मां का रो-रोकर बुरा हाल
बच्ची की मौत की खबर मिलते ही घर में कोहराम मच गया. मां सुमन चातार बार-बार बेहोश हो रही हैं और परिजन उन्हें संभालने में लगे हैं. जिस घर में कुछ समय पहले तक बच्ची की किलकारियां गूंजती थीं, वहां अब सिर्फ सन्नाटा है.
पोस्टमार्टम नहीं कराने का आवेदन
घटना के बाद परिजनों ने बच्ची का पोस्टमार्टम नहीं कराने का अनुरोध किया. इसके बाद पुलिस ने आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर शव परिजनों को सौंप दिया. गांव में ही अंतिम संस्कार की तैयारी की गई.
गांव में पसरा मातम
पूरा गांव इस हादसे से स्तब्ध है. ग्रामीणों ने परिवार को सांत्वना दी, लेकिन हर आंख नम रही. लोगों ने छोटे बच्चों की सुरक्षा को लेकर सतर्क रहने की अपील भी की है.





