
Jharkhand: जमशेदपुर के मानगो नगर निगम में 6.73 करोड़ रुपये की कथित वित्तीय अनियमितता का बड़ा मामला सामने आया है। विकास योजनाओं के नाम पर बिना टेंडर और वर्क ऑर्डर के ही कार्य शुरू करने और शिलान्यास करने के आरोपों ने प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए नगर निगम की मेयर सुधा गुप्ता ने उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए हैं और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। जानकारी के अनुसार, अल्पकालीन ई-टेंडर प्रक्रिया से जुड़ी फाइलों की जांच के दौरान करीब 6.73 करोड़ रुपये की वित्तीय और प्रशासनिक गड़बड़ियां सामने आई हैं। आरोप है कि कई विकास योजनाओं का शिलान्यास उस समय कर दिया गया, जब न तो टेंडर प्रक्रिया पूरी हुई थी, न ही वर्क ऑर्डर जारी किया गया था। इसके बावजूद परियोजनाओं को सार्वजनिक रूप से शुरू दिखाया गया, जिससे नियमों के उल्लंघन की बात सामने आई है।
रिपोर्ट के अनुसार, बिना नवनिर्वाचित बोर्ड की सहमति के बैकडेट में टेंडर जारी करने और पसंदीदा ठेकेदारों को लाभ पहुंचाने के आरोप भी लगे हैं। मेयर ने इसे लोकतांत्रिक प्रक्रिया और जनप्रतिनिधियों के अधिकारों का उल्लंघन बताया है। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि कई जरूरी सरकारी दस्तावेज फाइलों से गायब पाए गए हैं। वहीं, लेटर ऑफ एक्सेप्टेंस (LOA) जारी किए बिना ही ठेकेदारों से एडवांस राशि लेकर एग्रीमेंट करने जैसी अनियमितताएं भी उजागर हुई हैं। कुछ मामलों में एग्रीमेंट अधूरे पाए गए और उन पर आवश्यक हस्ताक्षर भी नहीं थे।
इस घोटाले में मुख्य रूप से दो बड़े सड़क चौड़ीकरण प्रोजेक्ट शामिल हैं—पायल सिनेमा से पारडीह चौक तक और मानगो चौक से पारडीह चौक तक की सड़क परियोजनाएं, जिनकी कुल लागत करोड़ों रुपये बताई जा रही है। इन योजनाओं में नाली निर्माण, स्लैब और पेवर्स ब्लॉक के कार्य शामिल थे। मेयर सुधा गुप्ता ने कहा कि नगर निगम में पारदर्शिता और जवाबदेही उनकी प्राथमिकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी धन के दुरुपयोग और नियमों की अनदेखी करने वाले किसी भी अधिकारी या ठेकेदार को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने नगर विकास विभाग को विस्तृत रिपोर्ट भेजकर सख्त कार्रवाई की अनुशंसा की है।
फिलहाल पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच जारी है और निगम के अधिकारियों से भी पूछताछ की संभावना जताई जा रही है। यह मामला सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर प्रशासनिक कार्यप्रणाली को लेकर गंभीर सवाल उठने लगे हैं।





