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कश्मीर में ट्रेकिंग के दौरान लापता हुए श्रीनगर के दो युवक सुरक्षित मिले

Kavita2
9 Oct 2026 11:57 AM IST
कश्मीर में ट्रेकिंग के दौरान लापता हुए श्रीनगर के दो युवक सुरक्षित मिले
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गांदरबल। मध्य कश्मीर के गांदरबल जिले में ट्रेकिंग के दौरान लापता हुए श्रीनगर के दो युवकों को सुरक्षित ढूंढ लिया गया है। दोनों युवक खराब मौसम के कारण रायिल गुंड इलाके के जंगलों में रास्ता भटक गए थे। काफी मशक्कत के बाद दोनों खुद ही निकटवर्ती रायिल गांव पहुंचने में सफल रहे। युवकों के लापता होने की सूचना मिलने के बाद पुलिस और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (एसडीआरएफ) की टीमों ने उनकी तलाश के लिए अभियान शुरू कर दिया था। दोनों के सुरक्षित मिलने से राहत मिली है।

संबंधित अधिकारियों के अनुसार, लापता युवकों की पहचान श्रीनगर के परिमपोरा निवासी 19 वर्षीय उजैर किरमानी और मलबाग निवासी 19 वर्षीय मिनाम एजाज के रूप में हुई है। उजैर किरमानी के पिता का नाम गौहर सैयद बताया गया है, जबकि मिनाम एजाज के पिता एजाज अहमद शेख हैं। दोनों युवक गुरुवार को गांदरबल जिले के ऊपरी इलाके में ट्रेकिंग करने के लिए निकले थे।

गुरुवार को ट्रेकिंग के लिए निकले थे दोनों युवक

जानकारी के अनुसार, श्रीनगर के रहने वाले उजैर किरमानी और मिनाम एजाज गुरुवार को गांदरबल जिले के ऊपरी इलाके में ट्रेकिंग के लिए रवाना हुए थे।

दोनों की उम्र 19 वर्ष है। ट्रेकिंग के दौरान वे रायिल गुंड क्षेत्र के जंगलों में पहुंच गए। इसी बीच मौसम खराब होने के कारण उन्हें रास्ता पहचानने में परेशानी होने लगी।

पहाड़ी इलाकों में मौसम अचानक बदलने से रास्तों की पहचान कठिन हो सकती है। खासकर जंगलों और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में दृश्यता प्रभावित होने पर निर्धारित रास्ते से भटकने का खतरा बढ़ जाता है।

इस घटना में भी खराब मौसम के कारण दोनों युवक जंगल में रास्ता भटक गए। हालांकि, वे किस समय रास्ते से भटके और कितनी दूरी तक जंगल में चले गए थे, इसका विस्तृत विवरण उपलब्ध नहीं है।

खराब मौसम के कारण जंगल में भटके रास्ता

गांदरबल जिले के रायिल गुंड इलाके में ट्रेकिंग के दौरान मौसम खराब होने से दोनों युवकों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

जानकारी के अनुसार, खराब मौसम के चलते वे जंगल में अपना रास्ता खो बैठे। इसके बाद उनके लापता होने की सूचना संबंधित अधिकारियों तक पहुंची।

कश्मीर के पर्वतीय क्षेत्रों में ट्रेकिंग के दौरान मौसम की स्थिति महत्वपूर्ण होती है। ऊंचाई वाले इलाकों में मौसम बदलने पर यात्रियों को दिशा पहचानने और सुरक्षित स्थान तक पहुंचने में कठिनाई हो सकती है।

हालांकि, इस घटना के समय बारिश, बर्फबारी या घने कोहरे जैसी कौन-सी मौसम संबंधी स्थिति थी, इसका स्पष्ट विवरण सामने नहीं आया है।

उपलब्ध जानकारी में केवल खराब मौसम के कारण रास्ता भटकने की पुष्टि की गई है।

लापता होने की सूचना मिलते ही शुरू हुई तलाश

दोनों युवकों के लापता होने की सूचना मिलने के बाद पुलिस और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल की टीमों ने तलाश अभियान शुरू कर दिया।

पुलिस और एसडीआरएफ की टीमों का उद्देश्य जंगल में भटके दोनों युवकों का पता लगाना और उन्हें सुरक्षित बाहर निकालना था।

पर्वतीय और जंगल वाले इलाकों में किसी व्यक्ति के लापता होने पर खोज अभियान चुनौतीपूर्ण हो सकता है। ऐसे क्षेत्रों में रास्तों की स्थिति, मौसम और भौगोलिक परिस्थितियां तलाश कार्य को प्रभावित कर सकती हैं।

हालांकि, इस मामले में तलाश अभियान में शामिल कर्मचारियों की संख्या और अभियान की अवधि का विस्तृत विवरण उपलब्ध नहीं है।

अधिकारियों की ओर से यह जानकारी दी गई है कि दोनों युवकों की तलाश के लिए अभियान शुरू किया गया था।

खुद ही रायिल गांव पहुंचने में हुए सफल

इस घटना में राहत की सबसे बड़ी बात यह रही कि दोनों युवक जंगल से निकलकर खुद ही निकटवर्ती रायिल गांव पहुंचने में सफल रहे।

खराब मौसम के कारण रास्ता भटकने के बावजूद उन्होंने सुरक्षित स्थान तक पहुंचने का प्रयास जारी रखा।

काफी मशक्कत के बाद दोनों रायिल गांव पहुंचे। इसके बाद उनके सुरक्षित होने की जानकारी सामने आई।

हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि दोनों युवक कितने घंटे तक जंगल में भटकते रहे और गांव तक पहुंचने के लिए उन्हें कितनी दूरी तय करनी पड़ी।

यह भी जानकारी उपलब्ध नहीं है कि गांव पहुंचने के बाद दोनों की चिकित्सकीय जांच कराई गई या नहीं।

फिलहाल, दोनों युवकों के सुरक्षित मिलने की पुष्टि हुई है।

श्रीनगर के रहने वाले हैं दोनों युवक

अधिकारियों के अनुसार, उजैर किरमानी श्रीनगर के परिमपोरा इलाके का निवासी है। उसकी उम्र 19 वर्ष बताई गई है और उसके पिता का नाम गौहर सैयद है।

दूसरा युवक मिनाम एजाज श्रीनगर के मलबाग इलाके का रहने वाला है। उसकी उम्र भी 19 वर्ष है। उसके पिता का नाम एजाज अहमद शेख बताया गया है।

दोनों गुरुवार को ट्रेकिंग के उद्देश्य से गांदरबल जिले के ऊपरी इलाके में गए थे।

ट्रेकिंग के दौरान खराब मौसम के कारण रास्ता भटकने से दोनों लापता हो गए थे। बाद में वे सुरक्षित रायिल गांव पहुंच गए।

उनके सुरक्षित मिलने से लापता होने की घटना का सुखद अंत हुआ।

पहाड़ी क्षेत्रों में ट्रेकिंग के दौरान सावधानी जरूरी

गांदरबल की यह घटना पहाड़ी क्षेत्रों में ट्रेकिंग के दौरान मौसम और रास्तों की जानकारी के महत्व को सामने लाती है।

पहाड़ों में यात्रा करते समय मौसम की स्थिति का ध्यान रखना आवश्यक होता है। मौसम खराब होने पर निर्धारित रास्तों से भटकने का खतरा बढ़ सकता है।

ट्रेकिंग करने वाले लोगों के लिए यात्रा से पहले मार्ग की जानकारी प्राप्त करना, मौसम का पूर्वानुमान देखना और आवश्यक सुरक्षा सामग्री साथ रखना उपयोगी हो सकता है।

इसके अलावा किसी विश्वसनीय व्यक्ति को यात्रा के मार्ग और संभावित वापसी समय की जानकारी देना भी महत्वपूर्ण होता है।

हालांकि, इस मामले में दोनों युवकों ने ट्रेकिंग के दौरान कौन-कौन से सुरक्षा उपकरण साथ रखे थे, इसकी जानकारी उपलब्ध नहीं है।

सुरक्षित मिलने से टला बड़ा खतरा

गांदरबल जिले के रायिल गुंड इलाके में लापता हुए श्रीनगर के दोनों युवक सुरक्षित मिल गए हैं।

खराब मौसम के कारण जंगल में रास्ता भटकने के बाद वे काफी प्रयास करके निकटवर्ती रायिल गांव पहुंचने में सफल रहे।

लापता होने की सूचना मिलने पर पुलिस और एसडीआरएफ ने भी उनकी तलाश शुरू कर दी थी।

इस घटना में किसी के घायल होने या अन्य नुकसान की जानकारी सामने नहीं आई है।

दोनों युवकों के सुरक्षित लौटने से एक संभावित गंभीर स्थिति टल गई। साथ ही यह घटना याद दिलाती है कि पर्वतीय क्षेत्रों में ट्रेकिंग के दौरान मौसम की बदलती परिस्थितियों और रास्तों की जानकारी को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।

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