जम्मू और कश्मीर

पर्वत माला योजना के तहत 20 रोपवे बनाने की तैयारी, केंद्रीय परिवहन मंत्रालय की तरफ से एनएचएलएम को बनाया नोडल एजेंसी

Sarita
11 March 2022 8:55 AM IST
पर्वत माला योजना के तहत 20 रोपवे बनाने की तैयारी, केंद्रीय परिवहन मंत्रालय की तरफ से एनएचएलएम को बनाया नोडल एजेंसी
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फाइल फोटो 

जम्मू-कश्मीर में पर्वत माला योजना को अमली जामा पहनाने के लिए केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्रालय की तरफ से नेशनल हाइवे लाजिस्टिक्स एंड मैनजमेंट कंपनी को नोडल एजेंसी बनाया गया है।

जनता से रिश्ता वेबडेस्क। जम्मू-कश्मीर में पर्वत माला योजना को अमली जामा पहनाने के लिए केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्रालय की तरफ से नेशनल हाइवे लाजिस्टिक्स एंड मैनजमेंट कंपनी (एनएचएलएम) को नोडल एजेंसी बनाया गया है। प्रदेश के दुर्गम क्षेत्रों में पर्यटन को प्रोत्साहन व स्थानीय लोगों की सुविधा के लिए करीब 20 रोपवे परियोजनाओं का निर्माण करने पर विचार चल रहा है।

आधिकारिक सूत्रों के अनुसार एनएचएलएम कंपनी भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) से संबंधित है। प्रदेश में पर्वतमाला योजना के तहत बनने वाले रोपवे के लिए यह नोडल एजेंसी का काम करेगी। प्रदेश सरकार की सिफारिश के तहत रोपवे परियोजनाओं के निर्माण के लिए डीपीआर तैयार करवाई जाएगी और फिर उसे मंजूरी के लिए केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्रालय के पास भेजा जाएगा। मंत्रालय से मंजूरी के बाद परियोजनाओं पर निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।
एनएचएआई के क्षेत्रीय अधिकारी रोहिन गुप्ता का कहना है कि एनएचएलएम को पर्वत माला योजना के तहत अभी तक करीब 20 स्थलों पर रोपवे के निर्माण की सिफारिश प्रदेश सरकार की तरफ से हुई है। ऐसे में कंपनी प्रस्तावों पर विचार कर रही है और मंजूरी के लिए प्रस्तावों को मंत्रालय के पास भेजा जाएगा।
उल्लेखनीय है कि पर्वतमाला योजना को पीपीपी मोड पर संचालित किया जाएगा जो दुर्गम पहाड़ी क्षेत्रों में पारंपरिक सड़क के स्थान पर अधिमानित पारिस्थितिक रूप से सतत विकल्प होगा। पर्यटन को प्रोत्साहन देने के अतिरिक्त यात्रियों के लिए संपर्क एवं सुविधा में सुधार आएगा।
रोपवे परियोजनाएं पहाड़ी इलाकों में बनने से भूमि अधिग्रहण की लागत भी कम होती है। इसलिए रोपवे परियोजनाओं की निर्माण लागत रोडवेज की तुलना में किफायती होगी। रोपवे के माध्यम से नदियों, भवनों, घाटियों अथवा सड़कों जैसी बाधाओ को आसानी से पार किया जा सकता है। जम्मू संभाग में भद्रवाह, किश्तवाड़, डोडा, बनी, बसोहली, उधमपुर, रियासी, राजोरी, पुंछ के कई क्षेत्रों में रोपवे परियोजना को शुरू करने की अपार संभावनाएं मौजूद हैं।
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