जम्मू और कश्मीर

Deputy CM ने रामनगर दुर्घटना स्थल की सुरक्षा व्यवस्था की मांग की

Payal
24 April 2026 7:23 PM IST
Deputy CM ने रामनगर दुर्घटना स्थल की सुरक्षा व्यवस्था की मांग की
x
Jammu.जम्मू: डिप्टी मुख्यमंत्री ने हाल ही में रामनगर में हुई दुर्घटना के स्थल का निरीक्षण किया और वहां सुरक्षा व्यवस्था में सुधार की सख्त मांग की। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों और एजेंसियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
डिप्टी सीएम ने कहा कि प्रशासन और संबंधित विभागों को तत्काल प्रभाव से दुर्घटना स्थल पर सुरक्षा मानकों को सख्ती से लागू करना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि क्षेत्र में सुरक्षा संकेतक, चेतावनी बोर्ड और आवश्यक बाउंड्री वॉलेटिंग जैसी उपायों को तुरंत सुनिश्चित किया जाए ताकि भविष्य में किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।
उन्होंने अधिकारियों को चेताया कि अगर सुरक्षा व्यवस्था में किसी प्रकार की लापरवाही पाई गई, तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। डिप्टी सीएम ने कहा कि जनता की सुरक्षा प्राथमिकता है और किसी भी परिस्थिति में इसकी उपेक्षा बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
स्थानीय अधिकारियों ने डिप्टी सीएम को बताया कि दुर्घटना स्थल पर विभिन्न सुधारात्मक कदम उठाए जा रहे हैं। इनमें मार्ग संकेतक, सड़क किनारे सुरक्षा बाड़ और आपातकालीन बचाव सुविधाओं का विकास शामिल है। उन्होंने कहा कि इन उपायों से दुर्घटना की संभावना कम होगी और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी।
डिप्टी सीएम ने कहा कि राज्य सरकार दुर्घटना रोकथाम और आपातकालीन प्रतिक्रिया योजनाओं में निवेश बढ़ा रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी सुरक्षा उपकरण और टीमों का नियमित निरीक्षण किया जाए और नागरिकों को सुरक्षा उपायों के प्रति जागरूक किया जाए।
विशेषज्ञों का कहना है कि रामनगर जैसी दुर्घटनाओं से सबक लेते हुए सुरक्षा व्यवस्थाओं में सुधार करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जिम्मेदारी तय करना और नियमों का पालन सुनिश्चित करना भविष्य में गंभीर हादसों को रोकने में मदद करेगा।
स्थानीय नागरिकों ने डिप्टी सीएम के इस कदम का स्वागत किया। उनका कहना है कि प्रशासन द्वारा सुरक्षा मानकों को लागू करने और जवाबदेही तय करने से क्षेत्र में लोगों का विश्वास बढ़ेगा और दुर्घटनाओं की संभावना घटेगी।
डिप्टी सीएम ने अंत में कहा कि सुरक्षा और बचाव हमेशा प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने सभी संबंधित विभागों से कहा कि वे समय-समय पर दुर्घटना स्थलों का निरीक्षण करें और सुरक्षा मानकों को लगातार सुदृढ़ बनाए रखें।
Next Story