- Home
- /
- राज्य
- /
- हिमाचल प्रदेश
- /
- Sirmaur : बिजली...
Sirmaur : बिजली व्यवस्था के आधुनिकीकरण के लिए 194 करोड़ की परियोजनाएं स्वीकृत

Himachal Pradesh हिमाचल प्रदेश : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार हिमाचल प्रदेश के विकास को लेकर पूरी तरह प्रतिबद्ध है और राज्य के बिजली क्षेत्र को आधुनिक बनाने के लिए लगातार सहयोग प्रदान कर रही है। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी योजना रिवैंपेड डिस्ट्रिब्यूशन सेक्टर स्कीम (RDSS) के तहत सिरमौर जिले में बिजली व्यवस्था के सुधार और आधुनिकीकरण के लिए 194.42 करोड़ रुपये की परियोजनाएं मंजूर की गई हैं।
इन परियोजनाओं का उद्देश्य बिजली वितरण प्रणाली को मजबूत करना, लाइन लॉस कम करना, उपभोक्ताओं को बेहतर बिजली आपूर्ति उपलब्ध कराना और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप बिजली नेटवर्क को तैयार करना है। योजना का क्रियान्वयन भारत सरकार के उपक्रम पावर फाइनेंस कॉरपोरेशन (PFC) के माध्यम से हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटेड द्वारा किया जा रहा है।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने मंगलवार को नाहन में आयोजित पत्रकार वार्ता में यह जानकारी देते हुए कहा कि केंद्र सरकार हिमाचल के विकास के लिए लगातार आर्थिक और तकनीकी सहयोग दे रही है। उन्होंने कहा कि बिजली क्षेत्र में सुधार के लिए केंद्र की ओर से कई योजनाएं चलाई जा रही हैं, जिनका सीधा लाभ प्रदेश के लोगों को मिल रहा है।
डॉ. बिंदल ने उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान के उस बयान पर भी पलटवार किया, जिसमें उन्होंने बिजली और विकास योजनाओं को लेकर केंद्र सरकार की भूमिका पर सवाल उठाए थे। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस सरकार को केंद्र सरकार के सहयोग को स्वीकार करना चाहिए और जनता को गुमराह करने की राजनीति से बचना चाहिए।
उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश जैसे पहाड़ी राज्य में बिजली वितरण व्यवस्था को बेहतर बनाना एक बड़ी चुनौती है। ऐसे में केंद्र सरकार की योजनाएं प्रदेश के लिए महत्वपूर्ण साबित हो रही हैं। RDSS के तहत होने वाले कार्यों से बिजली नेटवर्क में सुधार आएगा और उपभोक्ताओं को निर्बाध एवं गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति मिल सकेगी।
भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सरकार ने देशभर में बिजली क्षेत्र को मजबूत करने के लिए कई ऐतिहासिक कदम उठाए हैं। इनमें बिजली उत्पादन क्षमता बढ़ाने के साथ-साथ वितरण प्रणाली को आधुनिक बनाना भी शामिल है। उन्होंने दावा किया कि हिमाचल प्रदेश को भी इन योजनाओं का व्यापक लाभ मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि सिरमौर जिले में स्वीकृत 194.42 करोड़ रुपये की परियोजनाएं क्षेत्र के लिए बड़ी सौगात हैं। इन योजनाओं के तहत बिजली लाइनों के सुधार, नए उपकरणों की स्थापना, वितरण नेटवर्क को मजबूत करने और तकनीकी खामियों को दूर करने जैसे कार्य किए जाएंगे।
डॉ. बिंदल ने कहा कि केंद्र सरकार ने हिमाचल प्रदेश के लिए हमेशा सकारात्मक रुख अपनाया है। चाहे सड़क निर्माण हो, रेलवे विस्तार, जल विद्युत परियोजनाएं या बिजली क्षेत्र का विकास, केंद्र की ओर से प्रदेश को लगातार सहायता मिलती रही है।
उन्होंने कांग्रेस सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि राज्य सरकार केंद्र से मिलने वाले सहयोग को जनता के सामने सही तरीके से प्रस्तुत नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों का श्रेय लेने के बजाय कांग्रेस नेताओं को प्रदेश हित में केंद्र के साथ मिलकर काम करना चाहिए।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि बिजली क्षेत्र में सुधार से आम उपभोक्ताओं के साथ-साथ उद्योगों और व्यापारिक गतिविधियों को भी लाभ मिलेगा। बेहतर बिजली आपूर्ति से राज्य में निवेश को बढ़ावा मिलेगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
उन्होंने कहा कि RDSS योजना केवल बिजली व्यवस्था सुधारने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह आने वाले वर्षों की ऊर्जा जरूरतों को ध्यान में रखते हुए तैयार की गई योजना है। इससे बिजली वितरण कंपनियों की कार्यक्षमता बढ़ेगी और उपभोक्ता सेवाओं में सुधार होगा।
डॉ. बिंदल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार राज्यों के विकास के लिए लगातार काम कर रही है। हिमाचल प्रदेश को भी केंद्र की विभिन्न योजनाओं के माध्यम से आर्थिक सहायता और तकनीकी सहयोग मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि सिरमौर जिले में स्वीकृत 194.42 करोड़ रुपये की परियोजनाएं इस बात का प्रमाण हैं कि केंद्र सरकार प्रदेश के विकास को प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने उम्मीद जताई कि इन परियोजनाओं के पूरा होने के बाद जिले की बिजली व्यवस्था पहले से अधिक मजबूत और प्रभावी होगी।





