हिमाचल प्रदेश

मलकापुर के खेत में अवैध तमंचा फैक्ट्री का खुलासा, एक गिरफ्तार

Kavita2
2 Oct 2026 2:05 PM IST
मलकापुर के खेत में अवैध तमंचा फैक्ट्री का खुलासा, एक गिरफ्तार
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बुलंदशहर। पुलिस ने अवैध शस्त्र निर्माण के खिलाफ कार्रवाई करते हुए मलकापुर गांव के खेतों में चल रहे कथित अवैध हथियार निर्माण के ठिकाने का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने मौके से एक आरोपित को गिरफ्तार किया है। उसके कब्जे से 19 तमंचे, 12 अधबने तमंचे, कारतूस और हथियार बनाने के उपकरण बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपित खेत में बने ट्यूबवेल के पास बैठकर विद्युत ट्रांसफार्मर से केबल जोड़कर वेल्डिंग मशीन और ग्राइंडर की मदद से तमंचे तैयार कर रहा था।

पूरे मामले का राजफाश शुक्रवार दोपहर पुलिस की ओर से किया गया। अधिकारियों के मुताबिक, गुरुवार को संयुक्त पुलिस टीम इलाके में संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की जांच कर रही थी। इसी दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि मलकापुर गांव के खेतों में बने एक ट्यूबवेल के पास एक व्यक्ति अवैध रूप से हथियार बनाने का काम कर रहा है।

सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम ने तत्काल बताए गए स्थान पर दबिश देने की तैयारी की। टीम खेतों की ओर पहुंची और ट्यूबवेल के पास पहुंचकर आसपास की गतिविधियों पर नजर रखी। पुलिस के अनुसार, मौके पर एक व्यक्ति शस्त्र निर्माण में जुटा मिला। वह बिजली के ट्रांसफार्मर से केबल डालकर वेल्डिंग मशीन और ग्राइंडर जैसे उपकरणों का इस्तेमाल कर रहा था।

पुलिस टीम को देखते ही आरोपित ने वहां से भागने का प्रयास किया। हालांकि पुलिसकर्मियों ने घेराबंदी कर उसे मौके पर ही पकड़ लिया। इसके बाद पुलिस ने ट्यूबवेल के आसपास तलाशी ली। तलाशी के दौरान बड़ी संख्या में तैयार और अधबने तमंचे बरामद किए गए।

पुलिस के मुताबिक, मौके से 19 तैयार तमंचे बरामद हुए। इसके अलावा 12 अधबने तमंचे भी मिले। इनके साथ कारतूस और हथियार निर्माण में इस्तेमाल किए जा रहे विभिन्न उपकरण भी बरामद किए गए। पुलिस ने सभी सामान को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।

अधिकारियों के अनुसार, मौके पर वेल्डिंग मशीन और ग्राइंडर की मदद से हथियारों को तैयार किया जा रहा था। बिजली की आपूर्ति के लिए आरोपित ने कथित तौर पर ट्रांसफार्मर से केबल जोड़ रखी थी। इससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि खेत के सुनसान हिस्से में लंबे समय से इस तरह की गतिविधि चल रही हो सकती है। हालांकि यह कितने समय से चल रही थी, इसकी पुष्टि जांच के बाद ही होगी।

गिरफ्तार आरोपित से पूछताछ की जा रही है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि उसके पास हथियार बनाने की सामग्री कहां से आती थी और तैयार तमंचों को किन लोगों तक पहुंचाया जाता था। इसके अलावा यह भी जांच की जा रही है कि इस अवैध कारोबार में उसके साथ कोई अन्य व्यक्ति जुड़ा था या नहीं।

पुलिस ने बताया कि बरामद हथियारों और उपकरणों की अलग-अलग जांच कराई जा रही है। कारतूस भी कब्जे में लिए गए हैं। हथियारों की तकनीकी जांच से उनके इस्तेमाल और निर्माण से संबंधित अन्य तथ्य सामने आ सकते हैं। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश करेगी कि बरामद तमंचों में से किसी का इस्तेमाल पहले किसी आपराधिक घटना में हुआ है या नहीं।

इस कार्रवाई को इलाके में अवैध हथियारों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान का हिस्सा बताया जा रहा है। पुलिस संदिग्ध लोगों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मिली सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की गई। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऐसी सूचनाओं पर तेजी से कार्रवाई करने का उद्देश्य अवैध शस्त्र निर्माण और उनकी आपूर्ति पर रोक लगाना है।

मलकापुर गांव के खेतों में ट्यूबवेल के पास हथियार निर्माण का यह ठिकाना मिलने से स्थानीय स्तर पर भी हड़कंप मच गया। खेतों में सामान्य कृषि गतिविधियों के बीच इस तरह की गतिविधि चलने की जानकारी सामने आने के बाद लोग भी हैरान हैं। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपित ने यह जगह हथियार बनाने के लिए क्यों चुनी थी।

जांच में यह पहलू भी सामने आ सकता है कि आरोपित ने बिजली की अवैध लाइन का इस्तेमाल किस तरह किया। ट्रांसफार्मर से केबल जोड़कर मशीनें चलाने की बात सामने आई है। इससे बिजली विभाग से जुड़े नियमों के उल्लंघन की भी जांच की जा सकती है। संबंधित विभाग को भी इस मामले की जानकारी दी जा सकती है।

पुलिस ने घटनास्थल को सुरक्षित कर वहां से बरामद सभी सामान को अपने कब्जे में लिया। अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण भी किया और हथियार निर्माण से जुड़े उपकरणों की सूची तैयार की। बरामद सामान को आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए सुरक्षित रखा गया है।

आरोपित के आपराधिक इतिहास का भी पता लगाया जा रहा है। पुलिस संबंधित थानों और दूसरे जिलों से उसके बारे में जानकारी जुटा सकती है। यदि पहले से कोई मुकदमा दर्ज है तो उसका रिकॉर्ड भी वर्तमान जांच का हिस्सा बनाया जाएगा।

पूछताछ के दौरान पुलिस यह जानने का प्रयास कर रही है कि आरोपित ने कितने समय में 19 तैयार तमंचे और 12 अधबने तमंचे तैयार किए। इसके साथ ही यह भी पता लगाया जाएगा कि इन हथियारों को बेचने या पहुंचाने के लिए किन लोगों से संपर्क किया जाता था।

अवैध हथियार निर्माण के मामलों में केवल हथियार बनाने वाले व्यक्ति तक पहुंचना ही पर्याप्त नहीं माना जाता। तैयार हथियार कहां भेजे जाते हैं और उनके खरीदार कौन हैं, इसकी जानकारी हासिल करना भी पुलिस के लिए महत्वपूर्ण होता है। इसलिए गिरफ्तार आरोपित के मोबाइल फोन, संपर्कों और संभावित लेन-देन की जानकारी की जांच की जा सकती है।

पुलिस की इस कार्रवाई में बड़ी मात्रा में हथियार बरामद होने के बाद अब जांच का दायरा बढ़ सकता है। यदि पूछताछ में किसी गिरोह या अन्य सहयोगियों के नाम सामने आते हैं तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जा सकती है। फरार या अन्य संदिग्ध लोगों की तलाश के लिए अलग टीमें भी लगाई जा सकती हैं।

शुक्रवार दोपहर पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि आरोपी को गुरुवार को ही मौके से गिरफ्तार कर लिया गया था। कार्रवाई के दौरान मिली जानकारी और बरामदगी के आधार पर उसके खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों के आधार पर होगी।

पुलिस ने लोगों से भी अपील की है कि यदि किसी क्षेत्र में अवैध हथियार निर्माण या संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस को दें। खेत, सुनसान स्थान और बंद पड़े भवन कई बार आपराधिक गतिविधियों के लिए इस्तेमाल किए जा सकते हैं, इसलिए स्थानीय स्तर पर सतर्कता जरूरी है।

फिलहाल इस मामले में एक आरोपित पुलिस की गिरफ्त में है और उससे लगातार पूछताछ जारी है। 19 तैयार तमंचे, 12 अधबने तमंचे, कारतूस और हथियार बनाने के उपकरण मिलने के बाद पुलिस अब पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटाने में लगी है।

मलकापुर गांव के खेत में हुई इस कार्रवाई से पुलिस को अवैध शस्त्र निर्माण के खिलाफ एक महत्वपूर्ण सुराग मिला है। हालांकि आरोपित के खिलाफ लगाए गए आरोपों की न्यायिक प्रक्रिया अभी बाकी है। पुलिस की जांच आगे बढ़ने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि यह अवैध हथियार निर्माण कितने समय से चल रहा था, तैयार हथियार कहां सप्लाई किए जाते थे और इसमें अन्य कौन-कौन लोग शामिल थे।

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