हिमाचल प्रदेश

Himachal में भूकंप से दहशत, चंबा केंद्रित झटकों से घरों को नुकसान

Kavita2
6 Jun 2026 4:26 PM IST
Himachal में भूकंप से दहशत, चंबा केंद्रित झटकों से घरों को नुकसान
x

Himachal हिमाचल : हिमाचल प्रदेश में शनिवार रात भूकंप के झटकों ने लोगों की नींद हराम कर दी। रात 10.04 बजे आए पहले झटके की तीव्रता 5 मापी गई, जिसके तुरंत बाद दो और हल्के झटके दर्ज किए गए। पहला आफ्टरशॉक 11.04 बजे 2.8 तीव्रता का और दूसरा 11.52 बजे 3 तीव्रता का था। तीनों झटकों का केंद्र चंबा जिले में था।

पहले झटके के आने से कई इलाकों में नुकसान हुआ। जिला कांगड़ा के धर्मशाला और शाहपुर में कई घरों की दीवारों में दरारें पड़ गईं। कैरी पंचायत में तीन घर गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त हो गए। स्थानीय लोगों ने बताया कि झटका अचानक आया और काफी तेज था, जिससे घरों में सामान गिरा और लोग डर के मारे बाहर निकल आए।

हादसे के समय कई पर्यटक होटलों में ठहरे हुए थे। तेज झटके के कारण होटल के कमरे खाली हो गए और पर्यटक सहम कर बाहर आए। होटलों में अफरा-तफरी का माहौल रहा। होटल स्टाफ ने सभी को सुरक्षित स्थान पर ले जाने की कोशिश की।

भूकंप के झटकों के कारण लोग रातभर सो नहीं पाए। स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन टीम ने प्रभावित इलाकों में त्वरित निरीक्षण शुरू किया। जिला प्रशासन ने कहा कि किसी तरह की जान-माल की बड़ी हानि की फिलहाल कोई सूचना नहीं मिली है, लेकिन घरों में आए नुकसान का आकलन किया जा रहा है।

जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे हरे-भरे इलाके या पहाड़ी क्षेत्रों में घरों से बाहर निकलकर सुरक्षित स्थानों पर रहें और अफवाहों पर ध्यान न दें। प्रशासन ने राहत कार्यों की तैयारी शुरू कर दी है और जरूरी सामान की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है।

भूकंप विशेषज्ञों का कहना है कि हिमाचल प्रदेश भूकंपीय दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्र में आता है। चंबा और कांगड़ा जिलों में भूकंप के झटके आम हैं। विशेषज्ञों ने नागरिकों को सतर्क रहने और घरों में भारी सामान को सुरक्षित जगह पर रखने की सलाह दी है।

स्थानीय लोग और पर्यटक डर के मारे रातभर जागते रहे। कई परिवारों ने रात को अपने बच्चों और बुजुर्गों के साथ बाहर ही समय बिताया। प्रशासन ने सुनिश्चित किया कि प्रभावित इलाकों में किसी भी आपात स्थिति से तुरंत निपटा जा सके।

इस भूकंप ने हिमाचल प्रदेश में फिर एक बार सुरक्षा और आपदा प्रबंधन के महत्व को उजागर किया। प्रशासन और आपदा टीमों की तत्परता और नागरिकों की सतर्कता से बड़े नुकसान से बचा जा सका।

भूकंप के झटकों के बाद जिला प्रशासन ने कहा कि लोगों को आने वाले दिनों में हल्के झटके महसूस हो सकते हैं और इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। स्थानीय प्रशासन ने आपातकालीन हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत मदद मिल सके।

इस तरह की प्राकृतिक घटनाओं ने हिमाचल प्रदेश में नागरिक सुरक्षा और सतर्कता के महत्व को फिर से सामने ला दिया है।

Next Story