
गुरुग्राम। खेड़कीदौला थाना क्षेत्र के सेक्टर-89 में शुक्रवार रात एक थार चालक पर सड़क पर उत्पात मचाने और कैब को कई बार टक्कर मारकर क्षतिग्रस्त करने का आरोप लगा है। घटना के समय कैब में चालक के अलावा दो युवक सवार थे। लगातार टक्कर मारे जाने के बावजूद तीनों सुरक्षित बच गए। आरोप है कि थार चला रहा युवक शराब के नशे में था और अपने दोस्तों द्वारा अलग से कैब बुक कर घर जाने की बात से नाराज था।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, दिल्ली नंबर की थार में चार युवक सवार होकर सेक्टर-89 पहुंचे थे। यहां किसी बात को लेकर दोस्तों के बीच विवाद हो गया। बहस बढ़ने के बाद दो युवक थार से नीचे उतर गए और उन्होंने वापस जाने के लिए रैपिडो ऐप के माध्यम से कैब बुक कर ली।
चार दोस्त थार से पहुंचे थे सेक्टर-89
बताया जा रहा है कि चारों युवक एक साथ थार में सवार होकर सेक्टर-89 आए थे। कुछ समय बाद उनके बीच किसी बात को लेकर कहासुनी शुरू हो गई। शुरुआत में सामान्य बहस के रूप में शुरू हुआ विवाद धीरे-धीरे बढ़ गया।
इसके बाद दो युवकों ने थार से उतरकर अलग जाने का फैसला किया। उन्होंने मोबाइल ऐप के जरिए कैब बुक की और सड़क किनारे उसका इंतजार करने लगे। कुछ देर बाद बुक की गई कैब वहां पहुंच गई और दोनों युवक उसमें सवार हो गए।
आरोप है कि दोस्तों के अलग कैब बुक करने से थार चला रहा युवक नाराज हो गया। इसके बाद उसने कैब का पीछा किया और उसे टक्कर मारनी शुरू कर दी।
कैब को कई बार मारी टक्कर
आरोप के अनुसार, थार चालक ने कैब को एक बार नहीं बल्कि कई बार टक्कर मारी। इससे कैब बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई। अचानक हुई इस घटना से कैब चालक और उसमें बैठे दोनों युवक घबरा गए।
कैब चालक ने वाहन को बचाने और वहां से निकलने की कोशिश की, लेकिन आरोपित थार चालक ने उसका पीछा जारी रखा। सड़क पर दोनों वाहनों के बीच हुई इस घटना के दौरान आसपास मौजूद लोगों में भी अफरा-तफरी की स्थिति बन गई।
गनीमत रही कि कैब चालक और दोनों यात्रियों को गंभीर चोट नहीं लगी। घटना में वाहन को नुकसान पहुंचने की बात सामने आई है।
शराब के नशे में होने का आरोप
मामले में आरोप लगाया गया है कि घटना के समय थार चालक शराब के नशे में था। हालांकि चालक के नशे में होने की पुष्टि मेडिकल जांच या आधिकारिक पुलिस रिपोर्ट से ही हो सकेगी।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, दोस्तों के बीच विवाद के बाद दो युवकों के कैब से जाने के फैसले से वह नाराज हो गया था। इसी नाराजगी में कैब को निशाना बनाए जाने का आरोप है।
पुलिस जांच में यह स्पष्ट होगा कि दोस्तों के बीच विवाद किस बात को लेकर शुरू हुआ था और कैब को टक्कर मारने के पीछे वास्तविक कारण क्या था।
कैब चालक की जान पर बना खतरा
जिस तरह से एक भारी एसयूवी से कैब को कथित तौर पर बार-बार टक्कर मारी गई, उससे कैब में मौजूद लोगों के लिए गंभीर खतरा पैदा हो गया था। वाहन अनियंत्रित होने या पलटने की स्थिति में बड़ा हादसा हो सकता था।
घटना के दौरान कैब चालक ने स्थिति संभालने की कोशिश की। कैब में बैठे दोनों युवक भी इस घटनाक्रम से सहम गए। सड़क पर मौजूद अन्य वाहन चालकों को भी इससे खतरा हो सकता था।
इस तरह सार्वजनिक सड़क पर वाहन से दूसरे वाहन को जानबूझकर टक्कर मारने का आरोप सड़क सुरक्षा के लिहाज से गंभीर माना जा रहा है।
प्रत्यक्षदर्शियों ने देखा घटनाक्रम
घटना के दौरान आसपास मौजूद लोगों ने भी सड़क पर हुए घटनाक्रम को देखा। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, थार से कैब को कई बार टक्कर मारी गई। इससे कैब के हिस्से क्षतिग्रस्त हो गए।
घटना से जुड़े वीडियो या सीसीटीवी फुटेज उपलब्ध होने की स्थिति में वे जांच में महत्वपूर्ण साबित हो सकते हैं। सेक्टर और आसपास लगे कैमरों की रिकॉर्डिंग से वाहनों की गतिविधि और घटनाक्रम की पुष्टि करने में मदद मिल सकती है।
इसके साथ ही कैब बुकिंग का डिजिटल रिकॉर्ड भी जांच के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है। इससे कैब के पहुंचने का समय, बुकिंग करने वाले व्यक्ति और यात्रा से जुड़ी अन्य जानकारियों की पुष्टि हो सकती है।
पुलिस जांच में सामने आएगी पूरी कहानी
घटना खेड़कीदौला थाना क्षेत्र की बताई जा रही है। मामले में पुलिस की जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि थार कौन चला रहा था, वाहन किसके नाम पर पंजीकृत है और घटना के समय उसमें कौन-कौन मौजूद था।
जांच में यह भी देखा जा सकता है कि घटना से पहले चारों युवक कहां थे और उनके बीच विवाद किस वजह से हुआ। यदि शराब पीकर वाहन चलाने का आरोप लगाया गया है तो इससे संबंधित साक्ष्य भी महत्वपूर्ण होंगे।
कैब चालक और उसमें सवार युवकों के बयान से भी घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ी जा सकेंगी।
बड़ा हादसा टला
शुक्रवार रात हुई इस घटना में सबसे बड़ी राहत की बात यह रही कि कैब चालक और दोनों यात्री सुरक्षित बच गए। जिस तरह कैब को कथित तौर पर बार-बार टक्कर मारी गई, उससे गंभीर दुर्घटना की आशंका थी।
वाहनों को हुए नुकसान का आकलन भी किया जाएगा। पुलिस जांच के आधार पर संबंधित धाराओं के तहत आगे की कार्रवाई की जा सकती है।
फिलहाल घटना से जुड़े आरोपों की आधिकारिक जांच जरूरी है। थार चालक के शराब के नशे में होने और जानबूझकर कैब को टक्कर मारने जैसे दावों को जांच पूरी होने से पहले स्थापित तथ्य नहीं माना जा सकता। प्रत्यक्षदर्शियों के बयान, वाहन की जांच, उपलब्ध वीडियो फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर ही पूरे घटनाक्रम की तस्वीर स्पष्ट हो





