Sonipat: सोनीपत में करोड़ों के कमेटी घोटाले का खुलासा, तीन के खिलाफ एफआईआर

सोनीपत: सोनीपत में करोड़ों रुपये के कथित अवैध चिट फंड (कमेटी) घोटाले का मामला सामने आया है। सिविल लाइन थाना पुलिस ने पुलिस आयुक्त कार्यालय से अनुमति मिलने के बाद तीन आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि आरोपियों ने पहले समय पर भुगतान कर विश्वास जीता और बाद में अधिक मुनाफे का लालच देकर लाखों रुपये कमेटियों और उधार के नाम पर हड़प लिए।
ज्ञान नगर निवासी प्रवीण कुमार ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि मुख्य आरोपी जोगेंद्र उसका बचपन का परिचित है। वर्ष 2016 से जोगेंद्र और उसकी पत्नी सुमन ने उसे विभिन्न कमेटियों में निवेश करने के लिए प्रेरित किया। शुरुआती वर्षों में समय पर भुगतान मिलने से उनका विश्वास बढ़ता गया और वर्ष 2023 तक सब कुछ सामान्य चलता रहा। इसके बाद आरोपियों ने अधिक रकम निवेश कराने के लिए कई बड़ी कमेटियां शुरू कर दीं।
शिकायत के अनुसार, वर्ष 2023 में जयकिशन भी इस काम में शामिल हो गया। इसके बाद शिकायतकर्ता के नौ हिस्से विभिन्न कमेटियों में डलवाए गए। आरोप है कि जुलाई 2023 से मई 2024 के बीच उसने लगभग 7.95 लाख रुपये जमा किए, लेकिन बदले में केवल करीब 71 हजार रुपये ही वापस मिले।
प्रवीण कुमार ने यह भी आरोप लगाया कि आरोपियों ने वर्ष 2020 और 2023 में उधार के नाम पर उससे कुल छह लाख रुपये लिए। इसके अलावा नई कार खरीदते समय उसके क्रेडिट कार्ड से 40,800 रुपये का भुगतान भी कराया। इतना ही नहीं, उसके नाम पर मोबाइल फोन फाइनेंस करवाकर उसकी किश्तें भी उसके बैंक खाते से कटवाई जा रही हैं।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि जब उसने अपनी रकम वापस मांगी तो आरोपियों ने उसे जान से मारने की धमकी दी। पुलिस की प्रारंभिक जांच में आरोप प्रथम दृष्टया सही पाए गए। इसके बाद अनियमित जमा योजनाओं पर प्रतिबंध अधिनियम, 2019 तथा संबंधित कानूनी धाराओं के तहत तीनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया।
पुलिस का कहना है कि मामले की गहन जांच की जा रही है। जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।





