हरियाणा

यमुनानगर में पेट्रोल पंपों पर ₹2,000 से अधिक UPI पेमेंट का विरोध

Kiran
10 Oct 2026 12:48 PM IST
यमुनानगर में पेट्रोल पंपों पर ₹2,000 से अधिक UPI पेमेंट का विरोध
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Yamunanagar यमुनानगर ज़िले में पेट्रोल पंप ऑपरेटरों ने ऐसे बैनर लगाने शुरू कर दिए हैं जिनमें ग्राहकों से UPI (यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस) के ज़रिए 2,000 रुपये से ज़्यादा का पेमेंट न करने की अपील की गई है। पेट्रोल पंप ऑपरेटरों का कहना है कि बड़े ट्रांज़ैक्शन पर 0.4 प्रतिशत मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) चार्ज से उन पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है।
पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन के अनुसार, ज़िले के कई पेट्रोल पंपों पर पहले ही बैनर लगा दिए गए हैं, जबकि दूसरी जगहों पर ऑपरेटर भी ऐसा करने की तैयारी कर रहे हैं। कर्मचारियों को भी निर्देश दिया गया है कि वे ग्राहकों को पेमेंट के इस तरीके के बारे में जानकारी दें। ज़िला पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष सचिन गुर्जर ने बताया कि यमुनानगर ज़िले में 218 पेट्रोल पंप हैं, जहाँ बड़ी संख्या में ग्राहक ईंधन के पेमेंट के लिए नियमित रूप से UPI का इस्तेमाल करते हैं।
सचिन गुर्जर ने कहा, "प्रस्तावित व्यवस्था के तहत, ग्राहक 2,000 रुपये तक का UPI पेमेंट कर सकते हैं, जबकि इससे ज़्यादा रकम का पेमेंट करने वालों से बाकी रकम नकद में देने का अनुरोध किया जाएगा।" उन्होंने कहा कि 2,000 रुपये से ज़्यादा के ट्रांज़ैक्शन पर 0.4 प्रतिशत MDR पेट्रोल पंप ऑपरेटरों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ डालेगा। गुर्जर ने कहा, "हाल के वर्षों में पेट्रोल पंप डीलरों को मिलने वाले कमीशन में एक बार में केवल 20 से 25 पैसे की बढ़ोतरी हुई है, जबकि कर्मचारियों की सैलरी, बिजली बिल, मशीनरी के रखरखाव और अन्य प्रशासनिक ज़रूरतों पर खर्च लगातार बढ़ रहा है।"
उन्होंने कहा कि ट्रक और टिपर जैसे कमर्शियल वाहनों को सर्विस देने वाले पेट्रोल पंपों के लिए UPI से बड़े पेमेंट स्वीकार करना खास तौर पर मुश्किल हो सकता है, क्योंकि ये वाहन अक्सर एक ही बार में बड़ी मात्रा में डीज़ल लेते हैं, जिससे पेमेंट की रकम काफी ज़्यादा हो जाती है। ऑपरेटरों ने इस बात पर भी चिंता जताई कि ड्राइवरों को अपने साथ काफी नकद रखना पड़ सकता है, जिससे परेशानी और सुरक्षा से जुड़े जोखिम बढ़ सकते हैं। एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने कहा कि कुछ ग्राहक इस समस्या के बारे में बताए जाने के बावजूद UPI से पेमेंट करते रहते हैं, जिससे कर्मचारियों के पास उन्हें स्वीकार करने के अलावा कोई चारा नहीं बचता। एसोसिएशन ने ग्राहकों से अपील की है कि वे 2,000 रुपये तक का डिजिटल पेमेंट करें और बाकी रकम नकद में दें। उन्होंने कहा कि इस अनुरोध का मकसद पेट्रोल पंप ऑपरेटरों पर आर्थिक दबाव कम करना है, न कि डिजिटल ट्रांज़ैक्शन को पूरी तरह से हतोत्साहित करना।
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