
हिसार: गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई की ओर से राष्ट्रीय सेवा योजना दिवस के अवसर पर समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन कुलपति प्रो. विजय कुमार एवं कुलसचिव डॉ. विजय कुमार के दिशा-निर्देशन में तथा राष्ट्रीय सेवा योजना की कार्यक्रम समन्वयक डॉ. अंजू गुप्ता के नेतृत्व में हुआ। विश्वविद्यालय के डीन एकेडमिक अफेयर्स प्रो. योगेश छाबा मुख्य अतिथि रहे, जबकि छात्र कल्याण अधिष्ठाता प्रो. मुकेश कुमार शर्मा ने अध्यक्षता की। कार्यक्रम का संयोजन डॉ. सुमित शर्मा एवं डॉ. खुशबू सेठी ने किया।
कार्यक्रम की शुरुआत सामूहिक रूप से राष्ट्रीय गीत वन्दे मातरम् के पूर्ण गायन के साथ हुई। प्रो. योगेश छाबा और प्रो. मुकेश कुमार शर्मा ने शुक्रवार को राष्ट्रीय सेवा योजना के उद्देश्यों, सामाजिक उत्तरदायित्व तथा राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका पर विचार रखे। उन्होंने कहा कि एनएसएस विद्यार्थियों में सेवा-भाव, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, सामाजिक संवेदनशीलता और सामुदायिक सहभागिता की भावना विकसित करने का प्रभावी माध्यम है। विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ सामाजिक सरोकारों से जुड़कर समाज एवं राष्ट्र के विकास में योगदान देना चाहिए।
कार्यक्रम समन्वयक डॉ. अंजू गुप्ता ने स्वागत उद्बोधन में राष्ट्रीय सेवा योजना की संरचना, उद्देश्यों और विश्वविद्यालय में संचालित गतिविधियों की जानकारी दी। समारोह में स्वयंसेवकों के लिए राष्ट्रीय सेवा योजना अभिमुखीकरण विषय पर विशेष कार्यशाला भी आयोजित की गई। डॉ. सुमित शर्मा, डॉ. विकास जांगड़ा और डॉ. रामस्वरूप ने स्वयंसेवकों को सामाजिक चेतना, पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता, नशामुक्ति, स्वास्थ्य जागरूकता और राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका के बारे में बताया।
राष्ट्रीय सेवा योजना दिवस की गतिविधियों के तहत दो दिन पूर्व सेवा संकल्प एवं भारत के वर्तमान विकास, सेवा का रंग देश के संग तथा विकसित भारत एवं भविष्य की उड़ान विषयों पर पोस्टर मेकिंग एवं रंगोली प्रतियोगिताएं आयोजित की गई थीं। समारोह में प्रतियोगिताओं में प्रथम एवं द्वितीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र और पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। डॉ. खुशबू सेठी ने अतिथियों, विश्वविद्यालय प्रशासन, कार्यक्रम अधिकारियों और स्वयंसेवकों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर डॉ. नरेन्द्र कुमार, डॉ. विनीता, डॉ. ललित कुमार सहित बड़ी संख्या में विद्यार्थी एवं लगभग 600 राष्ट्रीय सेवा योजना स्वयंसेवक उपस्थित रहे।





