Hisar में टला बड़ा हादसा, गलत रनवे पर उतरा पार्थिव शरीर लेकर आया विमान

Hisar हिसार : हरियाणा के हिसार स्थित महाराजा अग्रसेन इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर मंगलवार सुबह एक बड़ा हादसा टल गया। पूर्व राज्यसभा सांसद और जी ग्रुप के चेयरमैन सुभाष चंद्र के पिता नंद किशोर गोयनका का पार्थिव शरीर लेकर पहुंचा चार्टर्ड विमान गलती से बंद पड़े रनवे पर उतर गया। हालांकि, विमान में सवार सभी लोग सुरक्षित रहे और किसी के घायल होने की सूचना नहीं है।
एयरपोर्ट अधिकारियों के अनुसार, विमान लैंडिंग के दौरान गलत रनवे पर चला गया। बंद पड़े रनवे पर उतरते समय विमान सबसे पहले वहां लगे रिफ्लेक्टर से टकराया, जिसे ‘कैट्स आई’ कहा जाता है। टक्कर के कारण रनवे का मार्कर अपनी जगह से हट गया और विमान से जा टकराया। इस हादसे में विमान के पंख के कुछ हिस्से को नुकसान पहुंचा है।
घटना की सूचना मिलते ही एयरपोर्ट प्रशासन सक्रिय हो गया और विमान में मौजूद सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल विमान को हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी गई है।
महाराजा अग्रसेन इंटरनेशनल एयरपोर्ट के अधिकारियों का कहना है कि शुरुआती जांच में यह सामने आया है कि पायलट ने गलत रनवे पर लैंडिंग की। एक अधिकारी ने बताया कि घटना से जुड़ी सभी परिस्थितियों की जांच की जा रही है। प्रारंभिक तौर पर यह पायलट की गलती से जुड़ा मामला प्रतीत हो रहा है, लेकिन अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।
अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि इस मामले में किसी औपचारिक जांच एजेंसी को शामिल किया गया है या नहीं। एयरपोर्ट प्रशासन घटना के हर पहलू की जांच कर रहा है, जिसमें विमान की लैंडिंग प्रक्रिया, रनवे की स्थिति और पायलट की कार्रवाई शामिल है।
बताया जा रहा है कि चार्टर्ड विमान में नंद किशोर गोयनका का पार्थिव शरीर लाया गया था। नंद किशोर गोयनका का 96 वर्ष की उम्र में मुंबई में निधन हुआ था। परिवार ने उनका अंतिम संस्कार उनके गृह जिले हिसार में करने की व्यवस्था की थी। इसी सिलसिले में परिवार के सदस्य चार्टर्ड विमान से हिसार पहुंचे थे।
पूर्व राज्यसभा सांसद सुभाष चंद्र खुद विमान में सवार नहीं थे। वह अपने परिवार के सदस्यों को लेने के लिए पहले से ही एयरपोर्ट पर मौजूद थे। हादसे के बाद परिवार के लोगों ने राहत की सांस ली और इसके बाद अंतिम संस्कार की तैयारियां शुरू की गईं।
नंद किशोर गोयनका के पार्थिव शरीर को हिसार स्थित मोहन मंडी में उनके पैतृक आवास ले जाया गया। यहां परिवार के सदस्यों, रिश्तेदारों, समाज के लोगों और स्थानीय नागरिकों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। बुधवार को उनका अंतिम संस्कार पूरे सम्मान के साथ किया गया।
एयरपोर्ट प्रशासन का कहना है कि इस तरह की घटना को गंभीरता से लिया गया है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।





