
Haryana हरियाणा: शहर में बुधवार से एक बार फिर पानी की राशनिंग व्यवस्था लागू कर दी गई है। इसके तहत अब नागरिकों को एक दिन छोड़कर एक दिन पानी की आपूर्ति की जाएगी। नहरी पानी की उपलब्धता प्रभावित होने के कारण यह फैसला लिया गया है।
जानकारी के अनुसार, जवाहरलाल नेहरू (जेएलएन) सोनीपत के खूबड़े हेड से पानी का बहाव बंद हो गया है, जिसके चलते जलापूर्ति व्यवस्था पर असर पड़ा है। नहर में पानी बंद रहने की अवधि तक वैकल्पिक दिन ही पानी सप्लाई की जाएगी।
विभागीय अधिकारियों के अनुसार, नहरी पानी आने का निर्धारित शेड्यूल 16-24 का है। इसके तहत 16 दिन नहर में पानी आता है और 24 दिन पानी बंद रहता है। हालांकि पिछले तीन महीनों से स्थिति बदल गई है और पानी 24 दिन के बजाय लगभग 30 दिन बाद उपलब्ध हो रहा है। इस वजह से नहर बंद होने के तुरंत बाद ही शहर में राशनिंग लागू करनी पड़ रही है।
पानी की कमी को देखते हुए हर महीने की तरह इस बार भी जलापूर्ति को नियंत्रित तरीके से चलाने का निर्णय लिया गया है, ताकि सभी क्षेत्रों में समान रूप से पानी पहुंच सके और किसी भी इलाके में गंभीर संकट की स्थिति न बने।
जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने नागरिकों से अपील की है कि वे उपलब्ध पानी का सोच-समझकर उपयोग करें और अनावश्यक रूप से पानी की बर्बादी से बचें। विभाग का कहना है कि जलापूर्ति को सुचारु बनाए रखने के लिए यह व्यवस्था जरूरी है।
अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया है कि स्थिति सामान्य होने तक राशनिंग व्यवस्था जारी रहेगी। जैसे ही नहरी पानी की आपूर्ति नियमित होगी, शहर में सामान्य जलापूर्ति बहाल कर दी जाएगी।
स्थानीय लोगों में इस फैसले को लेकर मिली-जुली प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। कुछ लोग इसे आवश्यक कदम बता रहे हैं, जबकि कुछ का कहना है कि लगातार बदलती जल आपूर्ति व्यवस्था से दैनिक जीवन प्रभावित हो रहा है।





