
x
Gurugram गुरुग्राम। हरियाणा की गुरुग्राम पुलिस ने पंजाब सरकार के अधिकारियों को फायदा पहुंचाने के लिए फर्जी फोरेंसिक रिपोर्ट बनाने के आरोप में दो व्यक्तियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की। इस मामले में पुलिस ने अंकित और अरुण महेंद्रू नाम को दो लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। शिकायतकर्ता जसप्रीत सिंह का आरोप है कि पंजाब सरकार के अधिकारियों ने उन्हें 10 लाख रुपए दिए, ताकि वे एक ऐसी रिपोर्ट बनाएं, जिसमें कहा गया हो कि वीडियो में दिख रहा व्यक्ति मुख्यमंत्री भगवंत मान नहीं है।
जानकारी के अनुसार, अंकित जींद का और अरुण महेंद्रू सिरसा का रहने वाला है। दोनों कांट्रेक्चुअल बेस पर एक्सपर्ट का काम करते हैं। दरअसल, इन दोनों ने जो रिपोर्ट तैयार की, उसमें वीडियो के अंदर नजर आ रहे व्यक्ति का शारीरिक मिलान सीएम भगवंत मान से मेल न खाने का जिक्र है। दोनों ने फर्जी रिपोर्ट तैयार करने के बदले 50-50 हजार रुपए लिए। दरअसल, लगभग छह महीने पहले जब श्री अकाल तख्त जत्थेदार ने मुख्यमंत्री भगवंत मान को तलब किया था, तब अकाल तख्त की तरफ से कहा गया था कि सोशल मीडिया पर एक वीडियो है, जिसमें धार्मिक मर्यादा को भंग करने का प्रयास किया जा रहा है। इस पर मुख्यमंत्री मान ने सफाई देते हुए कहा कि ये वीडियो एआई-जेनरेटेड हो सकता है या फिर फर्जी हो सकता है।
इसके बाद श्री अकाल तख्त साहिब ने इस वीडियो की जांच कराई। जांच पूरी होने के बाद 15 जून को श्री अकाल तख्त के जत्थेदार साहिब ने कहा कि यह वीडियो एआई-जेनरेटेड नहीं, बल्कि ऑरिजनल है। इस पर सरकार की तरफ से कहा गया कि वीडियो में जो शख्स धार्मिक मर्यादा को भंग करने का प्रयास करता हुआ नजर आ रहा है, वह मुख्यमंत्री भगवंत मान नहीं है।
जानकारी के अनुसार 15 जून को जब श्री अकाल तख्त साहिब ने वीडियो की फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद कहा था कि वीडियो एआई जेनरेटेड नहीं है। उसके बाद गुरुग्राम पहुंचे पंजाब के एक पुलिस कमिश्नर और पुलिस कप्तान ने फॉरेंसिक एक्सपर्ट और वकील जसप्रीत नाम के शख्स से पूछताछ की। जसप्रीत के कहने पर पुलिस ने फॉरेंसिक एक्सपर्ट अंकित और अरुण महेंद्रू को बुलाया। इस दौरान एक फाइव स्टार होटल में ये सारी रिपोर्ट तैयार की गईं, जिनको बाद में सार्वजनिक कर दिया गया। इस दौरान कहा गया कि ये रिपोर्ट श्री अकाल तख्त साहिब की रिपोर्ट से अलग पाई गई है। कहा गया कि इस रिपोर्ट में 1100 एंगल से अधिक जांच करना पाया गया कि वीडियो में मुख्यमंत्री भगवंत मान नहीं हैं। बताया जा रहा है कि वहीं पर जसप्रीत को 10 लाख रुपए दिए गए थे। जसप्रीत ने ही गुरुग्राम पुलिस से इस पूरे मामले की शिकायत की है।
Tagsगुरुग्राम पुलिसफर्जी फोरेंसिक रिपोर्टभगवंत मानपंजाब मुख्यमंत्रीएफआईआर दर्जजसप्रीत सिंहअंकितअरुण महेंद्रूवीडियो विवादएआई जनरेटेड वीडियोफोरेंसिक जांचपंजाब राजनीतिहरियाणा समाचारकानूनी कार्रवाईजांचGurugram Policefake forensic reportBhagwant MannPunjab Chief MinisterFIR lodgedJaspreet SinghAnkitArun Mahendruvideo controversyAI generated videoforensic investigationPunjab politicsHaryana newslegal actioninvestigation
Next Story





