हरियाणा

गड्ढों और खराब सड़कों पर सरकार सख्त सीएम सैनी ने अधिकारियों को दिए निर्देश

Ratna Netam
8 Aug 2026 9:15 PM IST
गड्ढों और खराब सड़कों पर सरकार सख्त सीएम सैनी ने अधिकारियों को दिए निर्देश
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चंडीगढ़ : हरियाणा में सड़क निर्माण और सड़कों की मरम्मत के काम को लेकर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया है कि प्रदेश में सड़क निर्माण और मरम्मत के कार्यों में किसी भी तरह की लापरवाही या देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि तय समय सीमा में काम पूरा नहीं करने वाले और गुणवत्ता मानकों की अनदेखी करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। ऐसे ठेकेदारों पर भारी जुर्माना लगाने के साथ उन्हें ब्लैकलिस्ट भी किया जाएगा। गंभीर लापरवाही सामने आने पर संबंधित ठेकेदार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के भी निर्देश दिए गए हैं।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने शनिवार को चंडीगढ़ स्थित हरियाणा निवास में वर्ष 2025-26 के सड़क निर्माण कार्यों को लेकर उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में प्रदेश में चल रहे सड़क निर्माण, मरम्मत और भविष्य की योजनाओं की स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई। इस दौरान मुख्यमंत्री ने संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों से सड़क निर्माण सामग्री, कार्यों की प्रगति और गुणवत्ता से जुड़ी जानकारी ली।
बैठक में राज्य सरकार के करीब 10 प्रमुख विभागों के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। इनमें लोक निर्माण विभाग यानी पीडब्ल्यूडी, हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड, पंचायत विभाग, एफएमडीए, जीएमडीए, एसएमडीए, पीएमडीए, एचएसवीपी, एचएसआईआईडीसी और शहरी स्थानीय निकाय विभाग के अधिकारी शामिल रहे। मुख्यमंत्री ने सभी विभागों को सड़क परियोजनाओं की नियमित निगरानी करने और काम में तेजी लाने के निर्देश दिए।
तारकोल की कमी से नहीं रुकेगा सड़क निर्माण
समीक्षा बैठक में सड़क निर्माण के लिए जरूरी बिटुमेन यानी तारकोल की उपलब्धता का मुद्दा भी सामने आया। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अधिकारियों से कहा कि यदि किसी कारण से सड़क निर्माण के लिए समय पर तारकोल की आपूर्ति नहीं हो पाती है, तो विकास कार्यों को रोकने के बजाय वैकल्पिक व्यवस्था अपनाई जाए।
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि जहां तारकोल की उपलब्धता में बाधा आ रही हो, वहां जरूरत के अनुसार सीमेंटेड यानी सीसी रोड का निर्माण कराया जाए। उनका स्पष्ट संदेश था कि निर्माण सामग्री की उपलब्धता में किसी तरह की समस्या के कारण सड़क परियोजनाओं की गति प्रभावित नहीं होनी चाहिए। सरकार का उद्देश्य विकास कार्यों को निर्धारित समय के भीतर पूरा करना है।
'हमारी सड़क' ऐप की शिकायतों पर प्राथमिकता से कार्रवाई
मुख्यमंत्री ने आम लोगों की शिकायतों के समाधान को लेकर भी अधिकारियों को निर्देश दिए। बैठक में 'हमारी सड़क' मोबाइल ऐप पर आने वाली शिकायतों की समीक्षा की गई। इस ऐप के माध्यम से लोग सड़कों में गड्ढे, टूट-फूट और अन्य समस्याओं की जानकारी संबंधित विभागों तक पहुंचाते हैं।
सीएम सैनी ने अधिकारियों से कहा कि ऐप पर दर्ज होने वाली शिकायतों को प्राथमिकता के आधार पर लिया जाए और उनका जल्द समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने यह भी कहा कि शिकायतों के निपटारे में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। शिकायत के समाधान या उसकी रिपोर्टिंग में किसी अधिकारी या कर्मचारी की लापरवाही सामने आने पर अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
गुणवत्ता से समझौता नहीं
मुख्यमंत्री ने सड़क निर्माण की गुणवत्ता को लेकर भी अधिकारियों को स्पष्ट संदेश दिया। उन्होंने कहा कि सड़कें केवल समय पर बनना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी गुणवत्ता भी निर्धारित मानकों के अनुरूप होनी चाहिए। निर्माण कार्य में घटिया सामग्री के इस्तेमाल या गुणवत्ता मानकों की अनदेखी को गंभीरता से लिया जाएगा।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सड़क निर्माण कार्यों की नियमित जांच की जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि ठेकेदार निर्धारित मानकों के अनुसार ही काम करें। गुणवत्ता में कमी पाए जाने पर संबंधित एजेंसी और ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
देरी करने वाले ठेकेदारों पर भारी जुर्माना
मुख्यमंत्री ने समय पर सड़क निर्माण पूरा नहीं करने वाले ठेकेदारों को लेकर भी कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने कहा कि जिन ठेकेदारों की वजह से परियोजनाओं में अनावश्यक देरी होती है, उन पर निर्धारित नियमों के तहत जुर्माना लगाया जाए। लगातार लापरवाही करने वाले ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट करने की कार्रवाई भी की जाएगी।
गुणवत्ता से गंभीर समझौता करने वाले ठेकेदारों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश भी दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही को संरक्षण नहीं दिया जाना चाहिए और सड़क निर्माण से जुड़े कार्यों में जवाबदेही सुनिश्चित की जानी चाहिए।
हरियाणा सरकार की इस समीक्षा बैठक से साफ है कि राज्य में सड़क निर्माण और मरम्मत के काम को लेकर सरकार अब निगरानी और जवाबदेही को और मजबूत करने की तैयारी में है। आम लोगों की शिकायतों के त्वरित समाधान, निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और परियोजनाओं को समय पर पूरा करने पर विशेष जोर दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट कर दिया है कि विकास कार्यों की गति और गुणवत्ता दोनों से किसी भी स्थिति में समझौता नहीं किया जाएगा।
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