
हिसार/भिवानी। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के चलते हिसार और भिवानी शहरों में जमा हो रहे कचरे को हटाने के लिए जिला प्रशासन ने वैकल्पिक व्यवस्था तेज कर दी है। दोनों शहरों में डंपिंग प्वाइंट्स और प्रमुख इलाकों से कचरा उठाने के लिए प्रशासनिक कर्मचारियों के साथ निजी एजेंसियों की भी मदद ली जा रही है। प्रशासन का कहना है कि लोगों को परेशानी से राहत देने और कचरा जमा होने के कारण संभावित स्वास्थ्य जोखिम को रोकने के लिए सफाई अभियान लगातार जारी रहेगा।
हिसार में प्रशासन ने विशेष अभियान चलाकर शहर के अलग-अलग हिस्सों में जमा कचरे को उठाने का काम शुरू किया है। सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के कारण कई स्थानों पर कूड़े के ढेर लगने लगे थे। ऐसे में प्रशासन ने वैकल्पिक संसाधनों का इस्तेमाल करते हुए सफाई व्यवस्था को बनाए रखने की कोशिश शुरू की है।
डंपिंग प्वाइंट्स से कचरा उठाने पर जोर
जिला प्रशासन की ओर से डंपिंग प्वाइंट्स और उन स्थानों की पहचान की जा रही है जहां बड़ी मात्रा में कचरा जमा हो रहा है। इसके बाद उपलब्ध कर्मचारियों और निजी एजेंसियों के माध्यम से कचरा उठाकर निर्धारित स्थानों तक पहुंचाया जा रहा है।
प्रशासन का मुख्य उद्देश्य ऐसे स्थानों पर प्राथमिकता के आधार पर सफाई करना है जहां कचरा लंबे समय तक जमा रहने से लोगों को सबसे अधिक परेशानी हो सकती है। बाजारों, प्रमुख सड़कों और आवासीय क्षेत्रों में जमा कचरे को हटाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है।
हिसार में कई इलाकों से उठाया गया कचरा
हिसार के जिला प्रवक्ता के अनुसार, शहर के कई प्रमुख इलाकों से कचरा उठाने की कार्रवाई की गई। इनमें आईटीआई चौक, कामरी रोड, सोनी हॉस्पिटल, सेक्टर-15, चंदरलेन कॉलोनी, कामरी रोड पेट्रोल पंप, फायर ब्रिगेड के पास आजाद नगर, पड़ाव चौक सहित कई क्षेत्र शामिल हैं।
इसके अलावा कमला नगर और रेड स्क्वायर मार्केट के आसपास भी सफाई अभियान चलाया गया। इन इलाकों में जमा कचरे को हटाकर लोगों को राहत देने का प्रयास किया गया।
प्रशासन के मुताबिक, अभियान का उद्देश्य केवल कचरा उठाना नहीं, बल्कि शहर के अलग-अलग हिस्सों में सफाई व्यवस्था को सामान्य बनाए रखना भी है। इसके लिए उपलब्ध संसाधनों का अधिकतम उपयोग किया जा रहा है।
अधिकारियों की निगरानी में अभियान
हिसार में सफाई अभियान म्युनिसिपल कमिश्नर सी. जया श्रद्धा की अगुवाई में चलाया जा रहा है। वहीं, एडिशनल म्युनिसिपल कमिश्नर प्रदीप हुड्डा अभियान की निगरानी कर रहे हैं।
अधिकारियों की ओर से संबंधित टीमों को निर्देश दिए गए हैं कि शहर के ऐसे स्थानों को प्राथमिकता दी जाए जहां कचरा लगातार जमा हो रहा है। इसके अलावा अभियान के दौरान यह भी सुनिश्चित किया जा रहा है कि उठाया गया कचरा निर्धारित व्यवस्था के अनुसार हटाया जाए।
प्रशासन का प्रयास है कि सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के बावजूद शहर की मूलभूत सफाई व्यवस्था पूरी तरह ठप न हो।
बीमारियों के खतरे को लेकर प्रशासन सतर्क
लंबे समय तक खुले में कचरा जमा रहने से दुर्गंध के साथ-साथ संक्रमण और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा बढ़ सकता है। खासकर बारिश और उमस वाले मौसम में कचरे के आसपास मच्छरों और अन्य कीटों की संख्या बढ़ने की आशंका रहती है।
इसी वजह से प्रशासन ने कचरा हटाने को प्राथमिकता दी है। अधिकारियों का कहना है कि लोगों को स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों से बचाने के लिए डंपिंग प्वाइंट्स और सार्वजनिक स्थानों पर जमा कचरे को जल्द से जल्द हटाना जरूरी है।
स्थानीय लोगों के लिए भी यह अभियान राहत लेकर आया है। कई इलाकों में कचरा हटने के बाद सड़कों और सार्वजनिक स्थानों की स्थिति बेहतर हुई है।
भिवानी में भी वैकल्पिक व्यवस्था
हिसार के साथ-साथ भिवानी जिला प्रशासन ने भी सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के बीच कचरा उठाने के लिए वैकल्पिक व्यवस्था अपनाई है। वहां भी प्रशासनिक कर्मचारियों और निजी एजेंसियों की सहायता से डंपिंग प्वाइंट्स से कचरा हटाया जा रहा है।
दोनों जिलों में प्रशासन का प्रयास है कि हड़ताल के कारण शहरों की सफाई व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित न हो। इसके लिए उपलब्ध मानव संसाधन और मशीनरी को अलग-अलग इलाकों में लगाया जा रहा है।
लोगों से सहयोग की अपील
प्रशासन की ओर से लोगों से भी अपील की जा रही है कि वे कचरा खुले स्थानों पर न डालें और उपलब्ध कचरा संग्रह व्यवस्था का इस्तेमाल करें। अधिकारियों का मानना है कि हड़ताल के दौरान सफाई व्यवस्था को बनाए रखने में आम लोगों का सहयोग भी महत्वपूर्ण है।
यदि लोग कचरा निर्धारित स्थानों पर ही डालेंगे और सड़क किनारे या खाली प्लॉट में कूड़ा नहीं फेंकेंगे तो प्रशासन के लिए उसे उठाना और शहर को साफ रखना आसान होगा।
हड़ताल के बीच चुनौती बड़ी
सफाई कर्मचारियों की हड़ताल ने नगर निकायों के सामने बड़ी चुनौती खड़ी कर दी है। नियमित सफाई व्यवस्था में कर्मचारियों की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। ऐसे में वैकल्पिक व्यवस्था के जरिए लंबे समय तक शहरों को साफ रखना प्रशासन के लिए आसान नहीं होगा।
फिलहाल जिला प्रशासन ने तत्काल राहत देने के लिए अभियान तेज किया है। अधिकारियों की निगरानी में प्रमुख इलाकों से कचरा उठाया जा रहा है और निजी एजेंसियों की मदद भी ली जा रही है।
हिसार में आईटीआई चौक से लेकर पड़ाव चौक, कमला नगर और रेड स्क्वायर मार्केट तक कई इलाकों में कचरा हटाने की कार्रवाई शुरू हो चुकी है। वहीं भिवानी में भी डंपिंग प्वाइंट्स पर सफाई अभियान चलाया जा रहा है।
प्रशासन की कोशिश है कि सफाई कर्मचारियों की हड़ताल जारी रहने के बावजूद लोगों को गंदगी और उससे जुड़े स्वास्थ्य जोखिमों का सामना न करना पड़े। आने वाले दिनों में हड़ताल की स्थिति और कचरा प्रबंधन की जरूरत को देखते हुए वैकल्पिक सफाई व्यवस्था को जारी रखने पर जोर रहेगा।





