
कैथल: कैथल की शुगर मिल कॉलोनी में पिछले करीब 15 वर्षों से किराए के मकान में रह रहे एक परिवार के सरकारी रिकॉर्ड में पांच बिजली मीटर दर्ज होने का मामला सामने आया है। दिहाड़ी मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करने वाली सुमन के नाम फैमिली आईडी में पांच बिजली मीटर जुड़े हुए हैं। परिवार के मुताबिक, इन मीटरों से संबंधित बिजली बिल का बकाया भी रिकॉर्ड में दर्ज है।
मामला उस समय सामने आया जब करीब 10 दिन पहले सुमन के 17 वर्षीय बेटे की सड़क हादसे में मौत हो गई। परिवार ने सरकारी सहायता राशि के लिए आवेदन करने की प्रक्रिया शुरू की तो सीएससी केंद्र पर फैमिली आईडी की जांच के दौरान पांच बिजली मीटर दर्ज होने की जानकारी मिली। रिकॉर्ड में बिजली बिल का बकाया होने के कारण सहायता राशि की प्रक्रिया भी प्रभावित हो गई।
परिवार का कहना है कि वह पिछले 15 वर्षों से किराए के छोटे से मकान में रह रहा है और उसके पास अपनी जमीन या मकान नहीं है। इसके बावजूद फैमिली आईडी में पांच बिजली मीटर दर्ज होने से परिवार को आर्थिक सहायता के लिए आवेदन करने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
समस्या के समाधान के लिए परिवार पहले फैमिली आईडी से संबंधित कार्यालय पहुंचा। वहां से उन्हें बिजली निगम के कार्यालय भेज दिया गया। इसके बाद परिवार ने बिजली विभाग के विभिन्न अधिकारियों से संपर्क किया। अंत में आईटीआई के पास स्थित मुख्य बिजली घर में पांचों मीटर की गलत प्रविष्टियां हटाने और रिकॉर्ड दुरुस्त करने के लिए लिखित शिकायत दी गई।
बिजली निगम के एसडीओ कुलदीप कुमार ने बताया कि फैमिली आईडी में बिजली मीटर से संबंधित रिकॉर्ड को संशोधित करने की निर्धारित प्रक्रिया है। इसके लिए विभाग की ओर से संबंधित प्रपत्र भरकर एडीसी कार्यालय भेजा जाता है, जहां रिकॉर्ड में आवश्यक संशोधन किया जाता है। उन्होंने बताया कि परिवार की शिकायत पर संज्ञान लिया गया है और नियमानुसार कार्रवाई करते हुए जल्द समस्या का समाधान कराने का प्रयास किया जाएगा।





