
Panipat पानीपत: मार्च 2026 के मध्य में पानीपत में चालू एलपीजी (LPG) और पाइपलाइन (PNG) की भारी किल्लत के कारण औद्योगिक संकट गहरा गया है।
मुख्य बिंदु: 300-350+ फैक्ट्रियां बंद: पानीपत डायर्स एसोसिएशन के अनुसार, गैस की सप्लाई न होने के कारण 300 से ज़्यादा फैक्ट्रियां और डाइंग हाउस (रंगाई घर) बंद हो चुके हैं।
संकट का कारण: पश्चिम एशिया (इज़राइल-ईरान-अमेरिका तनाव) में चल रहे युद्ध के कारण वैश्विक एलपीजी सप्लाई बाधित हुई है। केंद्र सरकार द्वारा घरेलू उपकरणों को प्राथमिकता देने के कारण उद्योगों के लिए व्यावसायिक कारखानों की सप्लाई रोक दी गई है।
औद्योगिक प्रभाव: पानीपत की टेक्सटाइल और हैंडलूम इकाइयां, जो डाइंग और हीटिंग के लिए एलपीजी/पीएनजी पर निर्भर हैं, उन्हें सबसे ज़्यादा नुकसान हुआ है। आने वाला खतरा: लगभग 200 अन्य इकाइयों में केवल कुछ दिनों का स्टॉक बचा है, यदि जल्द सप्लाई नहीं हुई तो वे भी बंद हो सकते हैं। कोयला इस्तेमाल पर पाबंदी: व्यवसायी विकल्प के रूप में जुटाने का उपयोग करने से असमर्थ हैं क्योंकि प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) तुरंत उन इकाइयों को सील कर रहा है जो गैस से जुटाने पर शिफ्ट हो रही हैं। प्रभाव: उत्पादन फसलों से न केवल स्थानीय अर्थव्यवस्था प्रभावित हो रही है, बल्कि भारी मात्रा में एक्सपोर्ट ऑर्डर भी अटक गए हैं





