गुजरात

‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ से 7 लाख करोड़ की बचत संभव: JPC अध्यक्ष पी.पी. चौधरी का दावा

Kavita2
20 May 2026 12:00 PM IST
‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ से 7 लाख करोड़ की बचत संभव: JPC अध्यक्ष पी.पी. चौधरी का दावा
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Gujarat गुजरात: एक राष्ट्र, एक चुनाव’ प्रस्ताव की जांच कर रही संयुक्त संसदीय समिति (JPC) के अध्यक्ष पी.पी. चौधरी ने दावा किया है कि यदि लोकसभा और राज्य विधानसभाओं के चुनाव एक साथ कराए जाएं, तो भारत लगभग 7 लाख करोड़ रुपये की बचत कर सकता है। उन्होंने कहा कि इस बचत राशि का उपयोग देश के विकास कार्यों में किया जा सकता है।

JPC की ओर से इस प्रस्ताव पर विस्तृत अध्ययन और चर्चा जारी है। इसी क्रम में समिति ने मंगलवार से गुजरात का तीन दिवसीय दौरा शुरू किया, जहां विभिन्न स्तरों पर प्रशासनिक और राजनीतिक अधिकारियों के साथ विचार-विमर्श किया जा रहा है।

गुजरात दौरे के दौरान पी.पी. चौधरी ने राज्य के मुख्य सचिव को निर्देश दिया कि इस विषय से जुड़े सभी विभागों से प्राप्त सुझावों को संकलित कर एक विस्तृत रिपोर्ट समिति को सौंपी जाए। यह रिपोर्ट आगे की समीक्षा और सिफारिशों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

मंगलवार को समिति ने गांधीनगर स्थित GIFT सिटी में एक अहम बैठक की। इस बैठक में वरिष्ठ नौकरशाह, मुख्य सचिव एम.के. दास, भारतीय जनता पार्टी (BJP) के पदाधिकारी और विभिन्न विभागों के सचिव शामिल हुए। बैठक में प्रशासनिक तैयारियों, चुनावी प्रक्रिया और संभावित लाभ-हानि पर विस्तार से चर्चा की गई।

JPC अध्यक्ष ने कहा कि एक साथ चुनाव कराने से बार-बार चुनावी प्रक्रिया पर होने वाले भारी खर्च में कमी आएगी और प्रशासनिक मशीनरी भी विकास कार्यों पर अधिक ध्यान केंद्रित कर सकेगी। उनके अनुसार, बार-बार लगने वाली आचार संहिता से विकास परियोजनाओं की गति प्रभावित होती है, जिसे इस व्यवस्था से कम किया जा सकता है।

हालांकि, इस प्रस्ताव को लेकर राजनीतिक और विशेषज्ञ स्तर पर अलग-अलग राय भी सामने आ रही है। कुछ लोग इसे आर्थिक दृष्टि से लाभकारी मानते हैं, जबकि कुछ इसके संघीय ढांचे और लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं पर प्रभाव को लेकर सवाल उठा रहे हैं।

कुल मिलाकर, ‘एक राष्ट्र, एक चुनाव’ पर चल रही यह चर्चा देश की चुनावी व्यवस्था में बड़े बदलाव की संभावनाओं को लेकर महत्वपूर्ण मानी जा रही है, और JPC की सिफारिशें आने वाले समय में इस बहस को और आगे बढ़ा सकती हैं।

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