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गुजरात से ट्रेन में आई खाद हिमाचल के किसानों को मिलेगी राहत
शिमला: हिमाचल प्रदेश में रबी फसलों की बुवाई की तैयारी कर रहे किसानों के लिए खाद की उपलब्धता को लेकर राहत की खबर है। उपलब्ध कराई गई जानकारी के अनुसार, गुजरात से ट्रेन के माध्यम से 2700 मीट्रिक टन एनपीके खाद की खेप पहुंची है। दिवाली के बाद अतिरिक्त खेप आने की भी जानकारी दी गई है। अगली आपूर्ति की निश्चित तारीख और मात्रा का विवरण अभी स्पष्ट नहीं है।
यह आपूर्ति ऐसे समय में महत्वपूर्ण है, जब गेहूं की बुवाई से पहले प्रदेश के कुछ क्षेत्रों में किसानों को खाद की कमी का सामना करना पड़ रहा है। 27 अक्टूबर की एक स्थानीय रिपोर्ट में कांगड़ा सहित अन्य क्षेत्रों में 12:32:16 खाद की उपलब्धता प्रभावित होने की बात सामने आई थी। किसान सहकारी समितियों और विक्रेताओं से खाद मिलने की जानकारी जुटा रहे थे।
उसी रिपोर्ट के अनुसार, इफको के कांगड़ा-चंबा क्षेत्र के एरिया मैनेजर श्रेय सूद ने कांगड़ा जिले के लिए करीब 700 से 800 मीट्रिक टन खाद की मांग भेजे जाने की जानकारी दी थी। आपूर्ति रेल और सड़क मार्ग से किए जाने तथा आगे और खाद मिलने की उम्मीद जताई गई थी। हालांकि, उस मांग और अब बताई गई 2700 मीट्रिक टन की खेप के बीच संबंध की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। नई खेप के संबंध में यह स्पष्ट होना बाकी है कि खाद किस रेलवे स्टेशन पर उतारी गई है और किन जिलों को कितनी मात्रा आवंटित होगी। संबंधित बिक्री केंद्रों तक स्टॉक पहुंचने और वितरण शुरू होने के बाद किसानों को इसकी उपलब्धता का वास्तविक लाभ मिलेगा। इसलिए खेप पहुंचने को सभी समितियों में तत्काल खाद उपलब्ध होने के बराबर नहीं माना जा सकता।
एनपीके उर्वरक में नाइट्रोजन, फॉस्फोरस और पोटैशियम शामिल होते हैं। इसके अलग-अलग ग्रेड में पोषक तत्वों का अनुपात अलग होता है। हिमाचल कृषि विभाग की वार्षिक रिपोर्ट में एनपीके 12:32:16, 10:26:26 और 15:15:15 जैसे मिश्रित उर्वरकों का उल्लेख है। विभाग मिट्टी की जांच के अनुसार उर्वरकों के संतुलित इस्तेमाल पर जोर देता है। नई खेप का ग्रेड उपलब्ध विवरण में स्पष्ट नहीं है। दिवाली के बाद अतिरिक्त आपूर्ति होने से उपलब्धता बेहतर होने की उम्मीद है। फिलहाल किसानों के लिए अपने नजदीकी सहकारी बिक्री केंद्र से स्टॉक और वितरण की जानकारी लेना उपयोगी रहेगा। अगली खेप की तारीख, जिला स्तर पर आवंटन और बिक्री दर का आधिकारिक विवरण आने पर स्थिति अधिक स्पष्ट होगी।
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