गोवा

नए आपराधिक कानून लागू करने में गोवा नंबर वन, प्रशासनिक सुधारों में पूरे अंक

SHIDDHANT
16 Feb 2026 11:36 PM IST
नए आपराधिक कानून लागू करने में गोवा नंबर वन, प्रशासनिक सुधारों में पूरे अंक
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Panaji पणजी। गोवा राज्य ने देश में न्याय संहिताओं (नए आपराधिक कानूनों) के क्रियान्वयन में पहला स्थान हासिल किया है। फरवरी 2026 में बीपीआर&डी द्वारा जारी राष्ट्रीय रैंकिंग आकलन के अनुसार गोवा ने कुल 83.10 प्रतिशत अंक प्राप्त किए। गोवा ने प्रशासनिक सुधारों के क्षेत्र में पूरे 20 में से 20 अंक प्राप्त किए। राज्य ने सभी जरूरी अधिसूचनाएं जारी कीं और न्याय संहिताओं के तहत मॉडल नियमों को पूरी तरह अपनाया। इससे साबित होता है कि राज्य ने कानूनों को समय पर लागू करने के लिए पूरी तैयारी की। यह उपलब्धि राज्य की मजबूत तैयारी, समन्वित सुधारों और नए आपराधिक कानूनों के तहत प्रक्रियात्मक, तकनीकी और प्रशासनिक बदलावों को प्रभावी ढंग से लागू करने को दर्शाती है।
ऑपरेशनल दक्षता के क्षेत्र में भी गोवा का प्रदर्शन मजबूत रहा। राज्य ने जीरो एफआईआर दर्ज करने में 100 प्रतिशत अनुपालन किया, एनएएफआईएस का प्रभावी उपयोग किया, ई-साक्ष्य को अपनाया और जांच से लेकर अदालत तक डिजिटल प्रणाली को बेहतर बनाया। इन कदमों से जांच प्रक्रिया, सबूतों के प्रबंधन और मामलों के निपटारे में तेजी आई है। सूचना और संचार प्रौद्योगिकी के उपयोग में भी गोवा को उच्च अंक मिले हैं। ई-समन, न्याय श्रुति और मेडलीपीआर जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म का प्रभावी उपयोग किया गया है, जो तकनीक आधारित न्याय व्यवस्था की दिशा में बड़ा कदम है।
सिस्टम इंटीग्रेशन में भी गोवा को पूरे अंक मिले हैं। पुलिस, अदालत, जेल, फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला और अभियोजन विभाग के बीच सीसीटीएनएस और अन्य डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए दो-तरफा समन्वय स्थापित किया गया है, जिससे रियल-टाइम डेटा साझा किया जा रहा है। यह उपलब्धि आपराधिक न्याय प्रणाली के सभी विभागों के सामूहिक प्रयास का परिणाम है। गोवा पुलिस ने इसमें प्रमुख भूमिका निभाई और न्यायपालिका, अभियोजन, जेल, फोरेंसिक सेवाओं और अन्य विभागों के साथ मिलकर नए कानूनों को सफलतापूर्वक लागू किया। यह रैंकिंग दर्शाती है कि गोवा पारदर्शी, नागरिक-केंद्रित और तकनीक-आधारित न्याय व्यवस्था के लिए प्रतिबद्ध है। राज्य आगे भी नए आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन, क्षमता निर्माण और विभागों के बीच बेहतर समन्वय पर काम करता रहेगा, ताकि नागरिकों को तेज, निष्पक्ष और प्रभावी न्याय मिल सके।
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