
रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र का आज पांचवा दिन है। सदन में आज प्रश्नकाल में किसानों के आत्महत्या का मामला गूंजा। नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने सरकार से पूछा कि साल 2020 से 1 फरवरी 2021 तक कितने किसानों ने किन-किन कारणों से आत्महत्या की? किसानों को मुआवजा दिया गया है? इन सवालों का जवाब मंत्री से मांगा। नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने इस मामले में दोषी के खिलाफ कार्यवाही की भी जानकारी मांगी। विपक्ष के सवाल पर मंत्री रविंद्र चौबे ने जवाब दिया। कहा कि इस अवधि में कुल 141 किसानों ने विभिन्न कारणों से आत्महत्या की। बताया कि केशकाल के किसान धनी राम मरकाम के खुदकुशी मामले में पटवारी को दोषी पाया गया। पटवारी डोंगरनाथ को दोषी पाए जाने पर निलंबित किया गया। इस जवाब के दौरान मंत्री चौबे ने खुदकुशी के मामले में BJP पर राजनीति करने का आरोप लगाया।
कांग्रेस विधायक कुलदीप जुनेजा ने पूछा कि 2019 औऱ 2020 में महिला बाल विकास की ओर से कितने NGO को विभाग का काम दिया गया है और कितनी राशि का भुगतान किया गया है। कितने NGO की ऑडिट रिपोर्ट जमा हुई है। उनके कामों का निरीक्षण कब कब किया गया।
महिला बाल विकास मंत्री अनिला भेड़िया ने बताया कि इस अवधि में 62 NGO को काम दिया गया है। उन्हें इसके लिए 40 करोड़ 15 लाख 70 हजार रु भुगतान किया। प्रश्नकाल विपक्ष ने शराब में गोठान सेस को लेकर सरकार को घेरने की कोशिश की। विपक्ष ने सेस की राशि के दुरुपयोग का आरोप लगाया। इस दौरान सत्ता पक्ष के जवाब सुनकर विपक्ष ने सदन में हंगामा किया और सदन का वॉकआउट कर दिया।





