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Mahasamund. महासमुंद। भारत निर्वाचन आयोग नई दिल्ली द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य अंतर्गत फोटोयुक्त निर्वाचक नामावलियों के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (एसआईआर) अर्हता तिथि 01 जनवरी 2027 के संदर्भ में पुनरीक्षण कार्यक्रम प्रारंभ किए जाने के निर्देश जारी किए गए हैं। आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार मतदान केन्द्रों का युक्तियुक्तकरण 02 नवम्बर 2026 तक किया जाना है तथा निर्वाचक नामावलियों का प्रारम्भिक प्रकाशन 12 नवम्बर 2026 को किया जाकर इसी तिथि से आगामी 11 दिसम्बर 2026 तक दावा आपत्ति प्राप्त करने की कार्यवाही की जाएगी। साथ ही 28 दिसम्बर 2026 तक दावा आपत्ति के निराकरण पश्चात् 04 जनवरी 2027 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन किया जाएगा।
कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी विनय कुमार लंगेह ने सभी अनुविभागीय अधिकारी राजस्व निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी तथा सभी तहसीलदार एवं सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों को उक्त कार्यक्रम का स्वीप गतिविधियों के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार के निर्देश दिए गए हैं। भारत निर्वाचन आयोग नई दिल्ली द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य में फोटोयुक्त निर्वाचक नामावलियों के विशेष पुनरीक्षण कार्यक्रम को लेकर महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए गए हैं। आयोग ने 1 जनवरी 2027 की अर्हता तिथि के आधार पर मतदाता सूची के पुनरीक्षण का कार्यक्रम निर्धारित किया है। इसके तहत मतदान केंद्रों का युक्तियुक्तकरण, मतदाता सूची का प्रारंभिक प्रकाशन, दावा-आपत्ति प्राप्त करने और उनके निराकरण की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसके बाद 4 जनवरी 2027 को मतदाता सूची का अंतिम प्रकाशन किया जाएगा। निर्वाचन आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, मतदान केंद्रों के युक्तियुक्तकरण की प्रक्रिया 2 नवंबर 2026 तक पूरी की जानी है। इसके अंतर्गत मतदान केंद्रों की व्यवस्थाओं और मतदाताओं की सुविधाओं से संबंधित आवश्यक कार्य किए जाएंगे। निर्धारित समयसीमा में प्रक्रिया पूरी करने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया गया है।
12 नवंबर को मतदाता सूची का प्रारंभिक प्रकाशन
आयोग के कार्यक्रम के अनुसार, फोटोयुक्त निर्वाचक नामावली का प्रारंभिक प्रकाशन 12 नवंबर 2026 को किया जाएगा। इसी दिन से मतदाता सूची के संबंध में दावा और आपत्तियां प्राप्त करने की प्रक्रिया शुरू होगी। मतदाता 12 नवंबर से 11 दिसंबर 2026 तक निर्धारित प्रक्रिया के तहत अपने नाम से संबंधित दावा या आपत्ति प्रस्तुत कर सकेंगे। इस दौरान पात्र मतदाता सूची में नाम शामिल कराने, दर्ज विवरण में सुधार करवाने और आवश्यक संशोधन के लिए आवेदन कर सकेंगे। निर्वाचन आयोग ने दावा और आपत्तियों के निराकरण के लिए 28 दिसंबर 2026 तक की समयसीमा निर्धारित की है। इस अवधि में संबंधित निर्वाचन अधिकारी प्राप्त आवेदनों की जांच और नियमानुसार निराकरण की प्रक्रिया पूरी करेंगे। इसके बाद मतदाता सूची को अंतिम रूप दिया जाएगा। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 4 जनवरी 2027 को निर्वाचक नामावली का अंतिम प्रकाशन किया जाएगा।
कलेक्टर ने अधिकारियों को दिए निर्देश
कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी विनय कुमार लंगेह ने सभी अनुविभागीय अधिकारी राजस्व एवं निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों के साथ तहसीलदारों और सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने पुनरीक्षण कार्यक्रम का स्वीप गतिविधियों के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने को कहा है, ताकि अधिक से अधिक नागरिकों तक निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित तिथियों और प्रक्रियाओं की जानकारी पहुंच सके। मतदाता सूची का पुनरीक्षण निर्वाचन प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसके माध्यम से पात्र नागरिकों के नाम शामिल करने, विवरण संबंधी त्रुटियों को सुधारने और मतदाता सूची को अद्यतन रखने का कार्य किया जाता है। प्रशासन ने नागरिकों तक निर्धारित कार्यक्रम की जानकारी पहुंचाने के लिए जागरूकता गतिविधियां संचालित करने के निर्देश दिए हैं।
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