छत्तीसगढ़
शिवमहापुराण कथा में पं. प्रदीप मिश्रा ने दिया ‘साइबर क्राइम से आजादी’ का संदेश
Shantanu Roy
17 Aug 2026 7:43 PM IST

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छग
Durg. दुर्ग। भिलाई के जयंती स्टेडियम में आयोजित शिवमहापुराण कथा के मंच से प्रसिद्ध कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा ने श्रद्धालुओं को धार्मिक संदेश के साथ साइबर अपराधों से बचने के लिए जागरूक किया। उन्होंने छत्तीसगढ़ पुलिस की ओर से चलाए जा रहे विशेष साइबर जागृति अभियान ‘साइबर क्राइम से आजादी’ से जुड़ने की अपील की। साथ ही लोगों से OTP, PIN, पासवर्ड और बैंक खाते से संबंधित गोपनीय जानकारी किसी भी व्यक्ति के साथ साझा नहीं करने को कहा। बोलबम सेवा समिति खुरसीपार, भिलाई की ओर से जयंती स्टेडियम में 17 से 23 अगस्त 2026 तक पंडित प्रदीप मिश्रा की शिवमहापुराण कथा का आयोजन किया जा रहा है। कथा में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने को देखते हुए दुर्ग पुलिस ने सुरक्षा और कानून व्यवस्था के व्यापक इंतजाम किए हैं। भीड़ नियंत्रण के साथ यातायात, पार्किंग और प्रवेश-निकास व्यवस्था पर भी पुलिस की विशेष नजर है।
श्रद्धालुओं को बताए साइबर ठगी से बचने के तरीके
शिवमहापुराण कथा के दौरान पंडित प्रदीप मिश्रा ने श्रद्धालुओं को डिजिटल सुरक्षा के प्रति सतर्क रहने का संदेश दिया। उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में साइबर अपराधी अलग-अलग तरीके अपनाकर लोगों को ठगी का शिकार बनाने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे में जागरूकता और सावधानी साइबर अपराध से बचाव का सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने श्रद्धालुओं से कहा कि OTP, UPI PIN, ATM PIN, पासवर्ड और बैंकिंग से संबंधित दूसरी गोपनीय जानकारियां किसी के साथ साझा नहीं करें। किसी अनजान नंबर से कॉल आने पर सामने वाले व्यक्ति के दावों पर तुरंत विश्वास नहीं करें। संदिग्ध मैसेज या लिंक मिलने पर उसे खोलने से पहले उसकी सत्यता की जांच करना जरूरी है।
2 अक्टूबर तक चलेगा विशेष अभियान
छत्तीसगढ़ पुलिस द्वारा 15 अगस्त से 2 अक्टूबर तक ‘साइबर क्राइम से आजादी’ विशेष साइबर जागृति अभियान चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य प्रदेश में ज्यादा से ज्यादा लोगों तक साइबर सुरक्षा की जानकारी पहुंचाना और ऑनलाइन ठगी के नए तरीकों के प्रति उन्हें जागरूक करना है। पंडित प्रदीप मिश्रा ने कथा में मौजूद श्रद्धालुओं से इस अभियान का हिस्सा बनने की अपील की। उन्होंने लोगों को अभियान से संबंधित QR Code स्कैन कर इससे जुड़ने के लिए प्रेरित किया। इसके अलावा अभियान के कटआउट के साथ सेल्फी लेकर उसे सोशल मीडिया और WhatsApp Status पर साझा करने की अपील की गई, ताकि साइबर सुरक्षा का संदेश अधिक से अधिक लोगों तक पहुंच सके।
फर्जी कॉल और निवेश के झांसे से रहें सावधान
पुलिस के अनुसार साइबर अपराधी फर्जी कॉल, मैसेज, सोशल मीडिया संपर्क, संदिग्ध लिंक और फर्जी निवेश योजनाओं के माध्यम से लोगों को अपने जाल में फंसाते हैं। कई मामलों में अपराधी बैंक या सरकारी अधिकारी बनकर फोन करते हैं और लोगों को डराकर या लालच देकर उनकी गोपनीय जानकारी हासिल करने की कोशिश करते हैं। इसी तरह कम समय में ज्यादा मुनाफा देने का दावा कर फर्जी निवेश योजनाओं के माध्यम से भी ठगी की जाती है। पुलिस ने नागरिकों से कहा है कि किसी भी अनजान व्यक्ति के कहने पर पैसे ट्रांसफर नहीं करें और संदिग्ध डिजिटल गतिविधि होने पर पहले संबंधित संस्था से जानकारी की पुष्टि करें।
लाखों श्रद्धालुओं तक पहुंचा जागरूकता का संदेश
शिवमहापुराण कथा जैसे बड़े धार्मिक आयोजन को साइबर जागरूकता अभियान से जोड़ने के पीछे पुलिस का उद्देश्य बड़ी संख्या में नागरिकों तक डिजिटल सुरक्षा का संदेश पहुंचाना है। कथा में अलग-अलग क्षेत्रों से श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। ऐसे में उन्हें जागरूक करने से साइबर सुरक्षा का संदेश उनके परिवार, मित्रों और परिचितों तक भी पहुंच सकेगा। दुर्ग पुलिस ने लोगों से अपील की है कि डिजिटल लेन-देन करते समय विशेष सावधानी बरतें। बैंक खाते, कार्ड और UPI से संबंधित संवेदनशील जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करें। अनजान कॉल पर व्यक्तिगत जानकारी नहीं दें और संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचें। साइबर ठगी का शिकार होने पर समय गंवाए बिना साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने की सलाह दी गई है। पुलिस ने लोगों से ‘साइबर क्राइम से आजादी’ अभियान से जुड़कर अपने आसपास के लोगों को भी जागरूक करने की अपील की है।
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