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कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में बालकोनगर थाने के भीतर हंगामा करने, शासकीय कार्य में बाधा डालने और पुलिस आरक्षक से मारपीट करने का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में आरोपी महिला रानी यादव को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से जमानत नहीं मिलने पर उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। महिला पर आरोप है कि वह अपने बेटे को बचाने के लिए थाने पहुंची थी और वहां पुलिसकर्मियों के साथ विवाद करने लगी। इस दौरान एक आरक्षक के हाथ में चोट भी आई। पुलिस के अनुसार, घटना 9 अक्टूबर की रात करीब 8 बजे की है। बालकोनगर थाने में प्रार्थिया ईश्वरी राज अपने सहकर्मियों के साथ शासकीय कार्य कर रही थीं। इसी दौरान शराब के नशे में मोटरसाइकिल चलाते हुए एक बच्ची को टक्कर मारने के मामले में अजय यादव को थाने लाया गया था।
बेटे को बचाने पहुंची मां ने किया हंगामा
पुलिस के मुताबिक, अजय यादव को थाने लाए जाने की जानकारी मिलने पर उसकी मां रानी यादव वहां पहुंची। आरोप है कि महिला ने थाने में पुलिसकर्मियों के साथ विवाद शुरू कर दिया। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों ने उसे समझाने का प्रयास किया, लेकिन वह नहीं मानी। पुलिस का आरोप है कि महिला लगातार हंगामा करती रही, जिससे थाने में चल रहे शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्न हुई। इसी दौरान विवाद बढ़ने पर एक पुलिस आरक्षक के साथ मारपीट की गई।
आरक्षक के हाथ में आई चोट
थाने में दर्ज शिकायत के अनुसार, रानी यादव ने विवाद के दौरान एक आरक्षक के साथ मारपीट की, जिससे उसके हाथ में चोट आई। घटना के बाद ईश्वरी राज ने मामले की रिपोर्ट दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर बालकोनगर पुलिस ने अपराध क्रमांक 600/2026 दर्ज किया। मामले में भारतीय न्याय संहिता की धारा 296, 132, 121(1) और 221 के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
चार धाराओं में अपराध दर्ज, महिला गिरफ्तार
पुलिस ने उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर रानी यादव को गिरफ्तार किया। गिरफ्तारी के बाद महिला को न्यायालय में पेश किया गया। अदालत से जमानत नहीं मिलने पर उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।
कोरबा सीएसपी प्रतीक चतुर्वेदी ने बताया कि महिला के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई है। न्यायालय में पेश करने के बाद उसे जेल दाखिल कराया गया।
बालकोनगर पुलिस ने कहा कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना उसकी प्राथमिकता है। पुलिस ने आम नागरिकों से शासकीय कार्यों में सहयोग करने की अपील की है। साथ ही स्पष्ट किया कि पुलिसकर्मियों से मारपीट और सरकारी कामकाज में बाधा डालने के मामलों में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
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