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25 करोड़ की रंगदारी केस
रायपुर : छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में 25 करोड़ रुपये की कथित रंगदारी और जान से मारने की धमकी के चर्चित मामले में फरार चल रहे शोएब ढेबर की मुश्किलें बढ़ गई हैं। रायपुर पुलिस ने आरोपी के देश छोड़कर फरार होने की आशंका को देखते हुए उसके खिलाफ लुकआउट सर्कुलर (LOC) जारी कर दिया है। इससे पहले पुलिस उसकी गिरफ्तारी में मदद करने के लिए 5 हजार रुपये का इनाम भी घोषित कर चुकी है। अब लुकआउट सर्कुलर जारी होने के बाद हवाई अड्डों और अंतरराष्ट्रीय सीमा चौकियों पर संबंधित एजेंसियों को सतर्क किया जा सकेगा। यह मामला कांग्रेस नेता आनंद कुकरेजा को विदेशी व्हाट्सएप नंबर से धमकी मिलने और कथित तौर पर लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम पर 25 करोड़ रुपये मांगने से जुड़ा है। पुलिस इस मामले में शोएब ढेबर की तलाश कर रही है। जांच में एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट (ACCU) भी शामिल रही है।
विदेश भागने की आशंका, पुलिस ने जारी किया LOC
पुलिस के अनुसार, शोएब ढेबर की तलाश के दौरान उसके देश छोड़कर भागने की आशंका सामने आई थी। इसी को ध्यान में रखते हुए उसके खिलाफ लुकआउट सर्कुलर जारी किया गया है। लुकआउट सर्कुलर का उद्देश्य संबंधित आव्रजन और सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क करना है। यदि संबंधित व्यक्ति विदेश यात्रा का प्रयास करता है, तो सर्कुलर की शर्तों और लागू कानूनी प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई की जा सकती है। पुलिस की इस कार्रवाई से आरोपी की संभावित विदेश यात्रा पर निगरानी रखने में मदद मिलेगी। हालांकि, LOC जारी होने का अर्थ यह नहीं है कि आरोपी ने देश छोड़ दिया है।
कांग्रेस नेता से मांगे गए थे 25 करोड़ रुपये
मामले की शुरुआत सितंबर 2026 में हुई थी। कांग्रेस नेता आनंद कुकरेजा को एक विदेशी व्हाट्सएप नंबर से कथित तौर पर धमकी भरा संदेश भेजा गया था। शिकायत के अनुसार, संदेश भेजने वाले ने लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम का इस्तेमाल करते हुए 25 करोड़ रुपये की मांग की थी। आरोप है कि रकम नहीं देने की स्थिति में आनंद कुकरेजा और उनके परिवार को जान से मारने की धमकी भी दी गई थी। धमकी और इतनी बड़ी रकम की मांग का मामला सामने आने के बाद पुलिस ने शिकायत के आधार पर जांच शुरू की। डिजिटल साक्ष्यों और अन्य तकनीकी पहलुओं की पड़ताल के लिए एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट की मदद ली गई।
जांच में सामने आया शोएब ढेबर का नाम
पुलिस जांच के दौरान कारोबारी अनवर ढेबर के बेटे शोएब ढेबर का नाम सामने आया था। पुलिस ने मामले में उसे पहले गिरफ्तार किया था। हालांकि, बाद में न्यायालय से जमानत मिलने के बाद वह रिहा हो गया। इसके बाद कानूनी प्रक्रिया के तहत पुलिस ने दोबारा गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई की, लेकिन आरोपी अपने संभावित ठिकानों पर नहीं मिला। पुलिस ने उसकी तलाश शुरू की और संभावित स्थानों पर दबिश देने की कार्रवाई की। लगातार प्रयासों के बावजूद गिरफ्तारी नहीं होने पर इनाम घोषित किया गया।
गिरफ्तारी पर 5 हजार रुपये का इनाम घोषित
शोएब ढेबर की गिरफ्तारी में मदद के लिए पुलिस पहले ही 5 हजार रुपये का नकद पुरस्कार घोषित कर चुकी है। पुलिस के आदेश के अनुसार, आरोपी की गिरफ्तारी कराने, गिरफ्तारी में सहायता करने या उसके संबंध में विश्वसनीय जानकारी उपलब्ध कराने वाले व्यक्ति को निर्धारित पुरस्कार दिया जा सकता है। इनाम की घोषणा के बावजूद आरोपी पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। ऐसे में अब लुकआउट सर्कुलर जारी कर उसकी तलाश का दायरा बढ़ाया गया है।
विदेशी व्हाट्सएप नंबर की भी हुई जांच
इस मामले में पुलिस के सामने एक महत्वपूर्ण चुनौती धमकी देने के लिए इस्तेमाल किए गए विदेशी व्हाट्सएप नंबर की जानकारी जुटाना थी। शिकायत के बाद एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट ने मामले में डिजिटल साक्ष्यों और मोबाइल से संबंधित तकनीकी पहलुओं की जांच की। पुलिस की जांच के दौरान शोएब ढेबर का नाम सामने आया। हालांकि, आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायिक प्रक्रिया के तहत ही होगी। फिलहाल पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी कहां मौजूद है और उसकी गिरफ्तारी किस प्रकार सुनिश्चित की जा सकती है।
लुकआउट सर्कुलर जारी होने के बाद क्या होगा?
लुकआउट सर्कुलर एक ऐसी व्यवस्था है, जिसके माध्यम से कानून प्रवर्तन एजेंसियां किसी वांछित व्यक्ति की संभावित अंतरराष्ट्रीय यात्रा के संबंध में आव्रजन अधिकारियों को सतर्क करती हैं। इस मामले में भी पुलिस ने आरोपी के विदेश जाने की आशंका के आधार पर यह कदम उठाया है। यदि आरोपी विदेश यात्रा करने का प्रयास करता है, तो संबंधित एजेंसियां जारी सर्कुलर के निर्देशों के अनुसार आवश्यक कार्रवाई कर सकती हैं। हालांकि, अंतिम कार्रवाई लुकआउट सर्कुलर की शर्तों और संबंधित कानूनी आदेशों पर निर्भर करेगी।
आरोपी की तलाश में जुटी रायपुर पुलिस
रायपुर पुलिस अब इस मामले में शोएब ढेबर की गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर रही है। पुलिस संभावित ठिकानों की जानकारी जुटाने के साथ तकनीकी माध्यमों से भी तलाश कर रही है। 25 करोड़ रुपये की कथित रंगदारी और धमकी के मामले में आरोपी की गिरफ्तारी के बाद आगे की पूछताछ और कानूनी प्रक्रिया महत्वपूर्ण होगी। फिलहाल पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई जांच और गिरफ्तारी से संबंधित है। मामले में शोएब ढेबर के खिलाफ लगाए गए आरोपों का अंतिम निर्णय अदालत में होगा।
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