छत्तीसगढ़
सुकमा में 102 स्थानों पर राष्ट्रीय एकता परेड की लाइव स्क्रीनिंग
Shantanu Roy
31 Oct 2026 10:04 PM IST

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छग
Sukma. सुकमा। लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती और राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता का विशेष उत्साह देखने को मिला। गुजरात के एकता नगर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपस्थिति में आयोजित राष्ट्रीय एकता परेड 2026 का सीधा प्रसारण सुकमा जिले के 102 स्थानों पर किया गया। इस आयोजन में लगभग 18 से 20 हजार सुरक्षा बलों के जवानों, स्कूली बच्चों और आम नागरिकों ने भाग लिया। खास बात यह रही कि कभी घोर नक्सल प्रभावित रहे पुवर्ती, गोगुंडा, गोलापल्ली और किस्टाराम जैसे अंदरूनी क्षेत्रों में भी ग्रामीणों ने सुरक्षा बलों के जवानों के साथ बैठकर राष्ट्रीय एकता परेड देखी। इस दौरान सुरक्षा कैंपों और गांवों में 'भारत माता की जय' के नारे गूंजते रहे। सुकमा पुलिस अधीक्षक मयंक गुर्जर के निर्देशानुसार जिले के सभी थानों, सुरक्षा कैंपों, पोटाकेबिन और छात्रावासों में लाइव स्क्रीनिंग की विशेष व्यवस्था की गई थी। शाम 5:30 बजे से बड़ी स्क्रीन, टेलीविजन और प्रोजेक्टर के माध्यम से राष्ट्रीय एकता परेड का प्रसारण दिखाया गया। इस आयोजन का उद्देश्य जिले के दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले ग्रामीणों, विद्यार्थियों और सुरक्षा बलों को राष्ट्रीय एकता दिवस के कार्यक्रम से जोड़ना था।
पुवर्ती, गोगुंडा और किस्टाराम में जवानों संग ग्रामीणों ने देखी परेड
राष्ट्रीय एकता दिवस का उत्साह जिले के अंदरूनी और संवेदनशील क्षेत्रों में भी देखने को मिला। पुवर्ती, गोगुंडा, गोलापल्ली और किस्टाराम के सुरक्षा कैंपों में स्थानीय ग्रामीणों ने जवानों के साथ बैठकर परेड का सीधा प्रसारण देखा। इन क्षेत्रों में सुरक्षा बलों और ग्रामीणों की संयुक्त भागीदारी कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण रही। परेड के दौरान जवानों और नागरिकों ने भारत माता की जय के नारे लगाए। आयोजन के माध्यम से सुरक्षा बलों और स्थानीय समुदाय के बीच आपसी विश्वास, सहयोग और सौहार्द्र को बढ़ावा देने का संदेश दिया गया।
शारदा सिनेमा में कलेक्टर और एसपी सहित वरिष्ठ अधिकारी हुए शामिल
जिला मुख्यालय स्थित शारदा सिनेमा में राष्ट्रीय एकता परेड की विशेष लाइव स्क्रीनिंग आयोजित की गई। कार्यक्रम में सुकमा कलेक्टर अमित कुमार, डीआईजी सीआरपीएफ आनंद राज पुरोहित और पुलिस अधीक्षक मयंक गुर्जर सहित प्रशासन, पुलिस और सुरक्षा बलों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। इसके अलावा जनप्रतिनिधि दीपिका शोरी, धनीराम बरसे, अन्य जनप्रतिनिधियों, पत्रकारों और बड़ी संख्या में शहरवासियों ने भी कार्यक्रम में भाग लिया। सभी ने एक साथ बैठकर राष्ट्रीय एकता परेड का सीधा प्रसारण देखा और सरदार वल्लभभाई पटेल के योगदान को याद किया।
102 केंद्रों पर जुटे हजारों जवान, विद्यार्थी और नागरिक
सुकमा पुलिस के अनुसार, जिले में कुल 102 स्थानों पर राष्ट्रीय एकता परेड की लाइव स्क्रीनिंग की गई। इन आयोजनों में लगभग 18 से 20 हजार लोगों की भागीदारी रही। इनमें सुरक्षा बलों के जवानों के साथ स्कूली विद्यार्थी, छात्रावासों में रहने वाले बच्चे, ग्रामीण और शहरी नागरिक शामिल थे। सभी आयोजन स्थलों पर दर्शकों के बैठने, छाया और पेयजल की समुचित व्यवस्था की गई थी। विशेष रूप से दूरस्थ सुरक्षा कैंपों और गांवों में कार्यक्रम का प्रसारण सुनिश्चित करने के लिए टीवी, प्रोजेक्टर और बड़ी स्क्रीन लगाई गई थीं।
राष्ट्रीय एकता और अखंडता बनाए रखने का लिया संकल्प
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित जवानों और नागरिकों ने देश की एकता, अखंडता, संप्रभुता और आंतरिक सुरक्षा को अक्षुण्ण रखने का संकल्प लिया। विद्यार्थियों को भी राष्ट्रीय एकता और देश के प्रति जिम्मेदारी का संदेश दिया गया। सुकमा जैसे नक्सल प्रभावित रहे जिले में इस प्रकार के आयोजन को पुलिस और आम नागरिकों के बीच संवाद तथा विश्वास बढ़ाने की पहल के रूप में देखा जा रहा है। अंदरूनी क्षेत्रों से लेकर जिला मुख्यालय तक सुरक्षा बलों और ग्रामीणों की संयुक्त भागीदारी ने राष्ट्रीय एकता दिवस को विशेष बनाया। कार्यक्रम के समापन पर उपस्थित नागरिकों ने सुकमा पुलिस की व्यवस्थाओं की सराहना की और जिले में शांति, सौहार्द्र तथा राष्ट्रीय एकता बनाए रखने का संकल्प दोहराया।
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