छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ के विकास में बंगाली समाज का महत्वपूर्ण योगदान : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल

Nil dhankar
15 April 2023 5:57 PM IST
छत्तीसगढ़ के विकास में बंगाली समाज का महत्वपूर्ण योगदान : मुख्यमंत्री भूपेश बघेल
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रायपुर। छत्तीसगढ़ के विकास में बंगाली समाज का महत्वपूर्ण योगदान है। बंगाली समुदाय शुरू से ही सचेत और जागरूक रहा है। बंगाल की धरती क्रांतिकारियों और समाज सुधारकों की रही है। इनके बिना देश की आजादी और नवनिर्माण की कल्पना नहीं की जा सकती है। राजा राममोहन राय और सुभाष चंद्र बोस के योगदान को नहीं भुलाया जा सकता। संत रामकृष्ण परमहंस और स्वामी विवेकानंद पूरी दुनिया को बंगाल की सर्वश्रेष्ठ देन है। देश के भक्ति आंदोलन में भी बंगाल के संतो का महत्वपूर्ण योगदान रहा है। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल आज बिलासपुर के कालीबाड़ी मैदान में आयोजित बंगाली नववर्ष एवं बिलासपुर बंगाली एसोसिएशन के शताब्दी समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने कालीबाड़ी में मां काली की पूजा अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख समृद्धि और खुशहाली की कामना की। कार्यक्रम की अध्यक्षता खाद्य एवं संस्कृति मंत्री अमरजीत भगत ने की।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बंगाली समुदाय को मोपका और तिफरा में 7 हजार और 5 हजार स्क्वेयर फीट जमीन आबंटित करने के लिए कार्यवाही करने के निर्देश कलेक्टर को दिए। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री बघेल ने कहा कि दुर्गा पूजा और गणेश पूजा हमारी सांस्कृतिक पहचान बन गए हैं। बंगाल से छत्तीसगढ़ के सांस्कृतिक संबंध रहें है। लोगों के साथ उनकी संस्कृति भी चलती है। छत्तीसगढ़ ने बंगाल की संस्कृति को आत्मसात किया है। मुख्यमंत्री ने स्वामी विवेकानंद और रविंद्रनाथ टैगोर की छत्तीसगढ़ यात्राओं का भी स्मरण किया।

मुख्यमंत्री बघेल ने कहा कि स्वामी विवेकानंद ने बंगाल के बाद सबसे ज्यादा समय छत्तीसगढ़ में ही बिताया है। उन्होंने पूरे 2 वर्ष तक का समय छत्तीसगढ़ में बिताया। स्वामी विवेकानंद के नाम पर ही छत्तीसगढ़ में एयरपोर्ट का नाम रखा गया है। रविंद्रनाथ टैगोर के द्वारा समाज को दिए गए योगदान को नही भुलाया जा सकता। रविंद्रनाथ टैगोर ने भी छत्तीसगढ़ में समय बिताया है। उन्होंने अविभाजित बिलासपुर में अपनी पत्नी का इलाज करवाया था। कार्यक्रम में स्वागत भाषण बंगाली एसोसिएशन बिलासपुर के महासचिव देवाशीष लाल्टू घोष ने दिया।

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