जलप्रपात में प्रवेश पर रोक लगाई गई, घटना के बाद प्रशासन सख्त

मनेन्द्रगढ़। प्रसिद्ध अमृतधारा जलप्रपात में हुई घटना के बाद प्रशासन ने सख्त फैसला लेते हुए जलप्रपात में प्रवेश, सेल्फी लेने और नहाने पर प्रतिबंध लगा दिया है। जलप्रपात के निचले और खाई से लगे ऊपरी हिस्से को प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित किया गया है। लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर यह निर्णय लिया गया है। कल 2 लोगों की डूबने से मौत हो गई थी। इसके पहले भी कई हादसे हो चुके हैं।
विकासखंड मनेन्द्रगढ़ के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल अमृतधारा जलप्रपात में लगातार हो रही दुर्घटनाओं को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने एक बड़ा और सख्त फैसला लिया है। अनुविभागीय दण्डाधिकारी लिंगराज सिदार द्वारा जारी आदेश के तहत जलप्रपात के निचले हिस्से और खाई से लगे ऊपरी हिस्से को अब प्रतिबंधित क्षेत्र घोषित कर दिया गया है।
जारी आदेश के अनुसार, इन क्षेत्रों में किसी भी प्रकार का आवागमन, सेल्फी लेना और नहाना पूर्णतः वर्जित रहेगा। यह फैसला लोक सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिया गया है, क्योंकि झरने के नीचे उतरने और नहाने के दौरान कई पर्यटकों की डूबने से मौत हो चुकी है।





